लोकप्रिय सिंगर जुबीन गर्ग की मौत के मामले की गहन जांच के लिए असम में एक न्यायिक आयोग का गठन किया जाएगा। असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने शुक्रवार को यह बात कही। न्यूज एजेंसी पीटीआई के मुताबिक, सीएम सरमा ने फेसबुक लाइव में बताया कि जुबीन गर्ग की मौत के मामले की गहन जांच के लिए राज्य में आयोग का गठन होगा। आयोग का नेतृत्व गौहाटी उच्च न्यायालय के न्यायमूर्ति सौमित्र सैकिया करेंगे।
सीएम ने लोगों से किया यह अनुरोध
सीएम ने आगे कहा, 'हम कल आयोग का गठन करेंगे। अब, हम उन सभी लोगों से अनुरोध करते हैं, जिनके पास ज़ुबीन गर्ग की मौत से संबंधित कोई भी जानकारी या वीडियो है, वे आगे आकर आयोग के सामने गवाही दें'। जुबीन गर्ग का 19 सितंबर को सिंगापुर में निधन हो गया। सिंगर की मौत स्कूबा डाइविंग के दौरान रहस्यमय परिस्थितियों में हुई। वह पूर्वोत्तर भारत महोत्सव में भाग लेने के लिए वहां गए थे। बता दें कि वर्तमान में सीआईडी सिंगर जुबीन गर्ग की मौत के मामले की जांच कर रही है।
एसआईटी ने NEIF टीम के तीन सदस्यों को तलब किया
इसके अलावा गायक जुबीन गर्ग की मौत की जांच कर रही एसआईटी ने शुक्रवार को नॉर्थ ईस्ट इंडिया फेस्टिवल (एनईआईएफ) की आयोजन टीम के तीन सदस्यों से पूछताछ की। विशेष पुलिस महानिदेशक मुन्ना प्रसाद गुप्ता ने कहा कि मामला अपने तार्किक निष्कर्ष पर पहुंचेगा। न्यूज एजेंसी पीटीआई के मुताबिक, 'एसआईटी के प्रमुख मुन्ना प्रसाद गुप्ता ने संवाददाताओं को बताया कि एनईआईएफ में भाग लेने के लिए जुबीन गर्ग के साथ सिंगापुर गए तीन लोगों को 14 दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया गया है। एनईआईएफ में भाग लेने के लिए गर्ग सिंगापुर गए थे, जहां 19 सितंबर को उनकी मौत हो गई थी।
अब तक चार लोग गिरफ्तार
इस मामले में अब तक चार लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है जो एनईआईएफ में शामिल होने गए थे- गायक के प्रबंधक सिद्धार्थ शर्मा और उनके संगीतकार शेखर ज्योति गोस्वामी, उत्सव के आयोजक श्यामकानु महंत और गायिका अमृतप्रभा महंत। गुप्ता ने बताया कि गिरफ्तार लोगों से पूछताछ की जा रही है। एसडीजीपी ने कहा, 'हम यह सुनिश्चित करेंगे कि जांच के दौरान हमारी ओर से कोई चूक न हो'। उन्होंने कहा कि एसआईटी का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि मामला अपने तार्किक निष्कर्ष पर पहुंचे। गुप्ता ने पहले कहा था कि जांच तेजी से आगे बढ़ रही है। इस बीच, एनईआईएफ आयोजन टीम के तीन सदस्यों - पंकज अधिकारी, प्रीतम तालुकदत और कृष्णु दास को एसआईटी ने पूछताछ के लिए बुलाया।
गायक जुबीन गर्ग के निधन के बाद से ही उनकी मौत की जांच की जा रही है। इस मामले मे आए दिन बड़ी अपडेट आ रही है। अब एक जानकारी सामने आई है कि सिंगापुर पुलिस बल ने दिवंगत गायक की पोस्टमार्टम रिपोर्ट और उनके निधन से संबंधित प्रारंभिक निष्कर्षों की एक कॉपी भारतीय उच्चायोग को भेज दी है। बताया गया कि भारत की तरफ से इसकी मांग की गई थी। इसके अलावा सिंगापुर पुलिस ने जनता को सलाह दी कि वे गायक के सम्मान में, उनकी मृत्यु की परिस्थितियों से संबंधित कोई भी वीडियो या चित्र साझा न करें।
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श्यामकानु महंत ने जुबीन मौत मामले की जांच CBI को देने की मांग की
असम पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए NEIF के आयोजक श्यामकानु महंत ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर कर मामले की जांच राज्य सीआईडी, सीबीआई या एनआईए जैसी किसी केंद्रीय एजेंसी को सौंपने की मांग की है। इस याचिका में आरोप लगाया गया है कि श्यामकानु महंत जो जानबूझकर इस केस में फंसाया गया है। साथ ही याचिका में कहा गया है वह 19-21 सितंबर को सिंगापुर में होने वाले तीन दिवसीय सांस्कृतिक उत्सव के आयोजन में व्यस्त थे और गर्ग की मृत्यु के समय घटनास्थल पर मौजूद नहीं थे। गायक से महंत की आखिरी मुलाकात 17 सितंबर को हुई थी, जो घटना से दो दिन पहले थी।
दो और लोगों को भेजा गया हिरासत में
पुलिस ने बताया कि शेखर ज्योति गोस्वामी और गायिका अमृतप्रभा महंत को कई दिनों की पूछताछ के बाद शाम को गिरफ्तार किया गया। उन पर भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया। असम पुलिस की सीआईडी के विशेष डीजीपी मुन्ना प्रसाद गुप्ता ने मीडिया को बताया कि उनसे पूछताछ जारी है। साथ ही असम की अदालत ने सिंगर की मौत के मामले में बैंड के सदस्यों शेखरज्योति और अमृतप्रभा महंत को 14 दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया।
कब हुआ था निधन?
जुबीन गर्ग की 19 सितंबर को सिंगापुर में समुद्र में तैरते वक्त रहस्यमय तरीके से मौत हो गई थी। इस खबर ने सभी को चौंका दिया था।