27 सितंबर को तमिलनाडु के करूर जिले में एक्टर से राजनेता बने विजय की पार्टी 'तमिलागा वेट्री कजगम' की रैली में भगदड़ मच गई थी। इस भगदड़ में 41 लोग मारे गए थे और 100 से ज्यादा लोग घायल हो गए थे। इस हादसे के बाद विजय ने पीड़ितों से मिलने की बात कही थी। 5 हफ्तों के बाद भी विजय इन लोगों से नहीं मिल सके। अब खबरें हैं कि वह 27 अक्तूबर को चेन्नई के पास महाबलीपुरम में पीड़ितों के परिवारों से मिल सकते हैं।
रिसॉर्ट में होगी मुलाकात
विजय की पार्टी तमिलागा वेट्री कजगम ने एक रिसॉर्ट में बैठक का आयोजन किया है, जहां पार्टी ने 50 कमरे बुक किए हैं ताकि वह व्यक्तिगत रूप से शोक संतप्त परिवारों से मिल सकें और अपनी संवेदना व्यक्त कर सकें। पीड़ितों के परिवार के एक सदस्य ने करूर में संवाददाताओं से कहा, 'उन्होंने हमारे लिए कार्यक्रम स्थल तक पहुंचने के लिए एक बस की व्यवस्था की है। हममें से कई लोग जा रहे हैं।'
लोगों के बीच छिड़ी बहस
इस प्रस्तावित बैठक ने लोगों के बीच बहस छेड़ दी है। कुछ लोगों ने प्रभावित परिवारों से मिलने के लिए यात्रा और आवास की व्यवस्था करने के लिए अभिनेता की आलोचना की। उनका कहना है कि अभिनेता करूर जाकर पीड़ितों को सांत्वना दे सकते थे। हालांकि, पार्टी ने दावा किया कि यह व्यवस्था इसलिए की गई क्योंकि विजय को करूर में पीड़ित लोगों से मिलने के लिए अधिकारियों से अनुमति नहीं मिल पाई थी।
अभिनेता को परिवारों से मिलना चाहिए
वेलुसामीपुरम के पेरुमल, जिन्होंने अपनी नाबालिग बेटियों को खो दिया है, ने पत्रकारों से कहा कि प्रभावित परिवारों का नेता से मिलना उचित नहीं है। उन्होंने कहा 'उन्हें परिवारों से मिलना चाहिए।'
फिलहाल, महाबलीपुरम जाने वालों में घायलों के शामिल होने की संभावना नहीं है।