दिल्ली मेट्रो में शूटिंग सबसे महंगा विकल्प
लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) ने अपना आधार शुल्क 10,000 रुपये रखा है, जबकि दिल्ली हाट (आईएनए) और गार्डन ऑफ फाइव सेंसेस जैसी जगहों को अब 80,000 रुपये प्लस जीएसटी प्रतिदिन पर किराए पर लिया जा सकता है। पर्यटन विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि शहर की पहचान का पर्याय बन चुकी दिल्ली मेट्रो, सबसे महंगे विकल्पों में से एक है, जिसकी फीस लाइन, स्टेशन और शूटिंग के समय के आधार पर दो लाख रुपये से तीन लाख रुपये के बीच है।
दिल्ली को फिल्म निर्माण केंद्र बनाने की नीति
एमसीडी ने अपनी फिल्मांकन फीस 75,000 रुपये प्रतिदिन से घटाकर आठ घंटे के लिए 15,000 रुपये और 24 घंटे के लिए 25,000 रुपये प्लस जीएसटी कर दी है। लेकिन दिल्ली फिल्म नीति 2022 के तहत संशोधित दरों और सब्सिडी के वादे के बावजूद, सरकारी रिकॉर्ड बताते हैं कि पिछले तीन वर्षों में इस योजना के तहत केवल 39 शूटिंग हुई हैं। दिल्ली को फिल्म निर्माण का केंद्र बनाने के उद्देश्य से शुरू की गई इस नीति में एकल खिड़की ‘ई-फिल्म क्लीयरेंस’ पोर्टल की घोषणा की गई थी, जो 25 एजेंसियों को जोड़ेगा और 15 दिनों के भीतर या शुल्क लेकर उससे भी जल्दी मंजूरी का आश्वासन देगा।
कनॉट प्लेस और चांदनी चौक सबसे ज्यादा मांग वाले एरिया
कनॉट प्लेस और चांदनी चौक अभी भी सबसे ज्यादा मांग वाले बैकड्रॉप हैं, लेकिन अधिकारियों का कहना है कि भारत मंडपम, बांसड़ा पार्क, असिता बायो-डायवर्सिटी पार्क और महरौली पुरातत्व पार्क के कुछ हिस्सों जैसी नई जगहों में सिनेमाई लैंडमार्क के रूप में उभरने की क्षमता है। उन्होंने आगे बताया कि एक लाख रुपये का वार्षिक दिल्ली फिल्म कार्ड भी दिया जा रहा है, जिससे प्रोडक्शन हाउस को होटल, यात्रा और लॉजिस्टिक्स पर छूट मिलती है।
इन चर्चित फिल्मों की शूटिंग दिल्ली में हुई
बता दें कि दिल्ली में कई चर्चित फिल्मों की शूटिंग हो चुकी है। इनमें 'दिल्ली 6', ओए लकी लकी ओए, आलू चाट, बेवकूफियां, आंखों देखी, मेरे ब्रदर की दुल्हन, रॉकस्टार, केसरी-2 और मर्दानी आदि के नाम शामिल हैं।