सुनील दत्ता का नरगिस से प्यार
सुनील दत्त और नरगिस दत्त की शादी 11 मार्च 1958 को हुई थी। उनकी शादी के बाद उनके तीन बच्चे हुए- संजय दत्त, प्रिया दत्त और नम्रता दत्त। नरगिस और सुनील दत्त की मुलाकात फिल्म ‘मदर इंडिया’ फिल्म के सेट पर हुई थी, जहां सुनील दत्त ने फिल्म के सेट पर लगी आग में नरगिस की जान बचाई थी, जिससे उन्हें एक-दूसरे से प्यार हो गया था।
नरगिस ने शादी से पहले हिंदू धर्म अपना लिया और अपना नाम बदलकर निर्मला दत्त रख लिया था। नरगिस की आखिरी इच्छा था कि उनकी मौत के बाद उन्हें दफनाया जाए और सुनील दत्त ने बिल्कुल ऐसा ही किया था।
सुनील दत्त का बेटे संजय दत्त से रिश्ता
साल 1981 में संजय दत्त की पहली फिल्म रॉकी को उनके पिता सुनील दत्त ने ही डायरेक्ट किया था। इस फिल्म में सुनील पर्दे पर भी संजय के पिता बने थे। दोनों बाप-बेटे का रिश्ता काफी उतार-चढ़ाव भरा रहा। जहां मां नरगिस के निधन के बाद पिता सुनील ही संजय का सहारा बने वहीं कभी प्यार से तो कभी डांट-फटकार से संजय को सही राह दिखाने वाले भी पिता सुनील ही थे।
संजय दत्त अपने पिता से बहुत प्रभावित थे। साल 1990 में दिए एक इंटरव्यू में उन्होंने खुलासा किया था कि लोग समझते हैं वो मां से ज्यादा करीब हैं लेकिन असल में उनके पिता का योगदान उनकी जिदंगी में काफी बड़ा रहा है।
राजनीति को लेकर हुआ था विवाद
बाप-बेटे के इस प्यारे से रिश्ते में राजनीति के चलते फूट पड़ गई थी। दरअसल संजय दत्त का मानना था कि सुनील दत्त राजनीति के लिए बहुत अच्छे और ईमानदार थे। इसलिए उन्हें अपना पद छोड़ देना चाहिए। संजय ने खुद एक इंटरव्यू में इस बात को स्वीकार किया था कि उन्हें पिता की चिंता सताने लगी थी क्योंकि वो राजनीति में आने के बाद से ही लगातार तनाव में रहने लगे थे। बस इसी बात को लेकर कई बार दोनों के बीच झगड़े भी हुए।
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पिता ने दिया संजय दत्त का साथ
अभिनेता संजय दत्त अपनी नशे की लत से काफी परेशान थे। उस वक्त भी उनका सबसे बड़ा सहारा उनके पिता सुनील दत्त ही बने। इसके अलावा जब संजय पर यह आरोप लगाया गया कि वो 1993 के मुंबई बम धमाके में शामिल हो सकते हैं, तब भी पिता सुनील दत्त ने उन्हें हर तरह से सपोर्ट किया। साल 2007 में संजय को सभी आरोपों से मुक्त कर दिया गया था, लेकिन अवैध रूप से हथियार रखने के कारण उन्हें सजा काटनी पड़ी थी।
सुनील-संजय जब पर्दे पर भी बने बाप-बेटे
फिल्म ‘रॉकी’ के अलावा साल 2003 में आई फिल्म ‘मुन्ना भाई एमबीबीएस’ में भी सुनील दत्त ने संजय के पिता का किरदार निभाया था। वो आखिरी बार था जब पर्दे पर बाप-बेटे की ये जोडी एक साथ नजर आई थी। यही फिल्म सुनील दत्त की भी आखिरी फिल्म थी। इसे जबरदस्त सफलता मिली और संजय के डूबते करियर को भी इस फिल्म ने फिर से सवार दिया।