रेखा का 72वां जन्मदिन
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हिंदी सिनेमा में कई चेहरे ऐसे हैं, जिनकी चमक वक्त के साथ कम होने के बजाय और बढ़ती जाती है। रेखा उन्हीं सितारों में से एक हैं। सुनहरी साड़ी, माथे पर बड़ी बिंदी, गहरी आंखें और चेहरे पर मुस्कान, रेखा का यह अंदाज आज भी लोगों को आकर्षित करता है। लेकिन उनकी जिंदगी की कहानी सिर्फ खूबसूरती और शोहरत तक सीमित नहीं है। कभी मजबूरी में फिल्मों में कदम रखने वाली रेखा ने हिंदी भाषा की मुश्किलों से अपने लुक को लेकर होने वाली आलोचनाओं तक का सामना किया।
फिर अपनी मेहनत और अभिनय के दम पर ऐसी पहचान बनाई कि आज भी उनकी फिल्मों और निजी जिंदगी से जुड़े किस्से सुर्खियों में रहते हैं। आइए एक्ट्रेस के जन्मदिन पर उनकी लाइफ से जुड़े कुछ दिलचस्प किस्सों के बारे में बताते हैं, जिनमें से कुछ तो खुद रेखा ने शेयर किए थे।
रेखा
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क्यों फिल्मों में आईं रेखा?
रेखा की जिंदगी का सबसे दिलचस्प किस्सा उनके फिल्मी करियर की शुरुआत से जुड़ा है। आज भले ही उन्हें बॉलीवुड की दिग्गज अभिनेत्रियों में गिना जाता है, लेकिन वह बचपन से अभिनेत्री नहीं बनना चाहती थीं। परिवार की आर्थिक जरूरतों के कारण उन्हें कम उम्र में ही फिल्मों में काम करना पड़ा। रेखा ने अपने पुराने इंटरव्यू में बताया था कि वह कभी अभिनेत्री नहीं बनना चाहती थीं, उन्हें तो मार-मार के बनाया गया। रेखा ने बताया था कि वह 3 साल की उम्र से काम कर रही हैं और 13 साल की उम्र में एक्ट्रेस बंबई आ गई थीं।
रेखा
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कैसे रेखा को मिला हिंदी फिल्मों में ब्रेक?
रेखा ने 1986 में बीबीसी से बात करते हुए खुद बताया था कि दो भाई कुलजीत पाल और शत्रुजीत पाल उस समय अपनी फिल्म के लिए नई हीरोइन ढूंढने मद्रास आए। उन्होंने मुझसे पूछा कि क्या आपको हिंदी आती है, मैंने कहा नहीं। फिर उन्होंने मुझसे पूछा कि क्या मैं हिंदी फिल्मों में काम करना चाहती हूं, मैंने कहा नहीं। इसके बाद उन दोनों भाईयों ने एक्ट्रेस से कहा कि ठीक है हम आपको कल आकर साइन कर लेंगे। रेखा के मुताबिक यह उनकी किस्मत में था कि उन्हें हिंदी फिल्मों में आना ही था।
रेखा
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एक समय में करीब 40 फिल्मों की शूटिंग में व्यस्त थीं रेखा
रेखा के करियर का एक किस्सा उनकी काम करने की क्षमता दिखाता है। फिल्मफेयर को दिए एक इंटरव्यू में उन्होंने बताया था कि 1970 के दशक के आखिरी वर्षों और 1980 के दशक की शुरुआत में वह बेहद व्यस्त रहती थीं। हैदराबाद के अन्नपूर्णा स्टूडियो में वह एक दिन में तीन शिफ्ट तक काम करती थीं। रेखा के मुताबिक, एक समय ऐसा भी था जब उनकी करीब 40 फिल्में निर्माण के अलग-अलग चरणों में थीं। लगातार शूटिंग के कारण उन्हें सेट पर ही आराम करना पड़ता था। उन्होंने बताया था कि वह अपनी वोक्सवैगन कार में थोड़ी देर सो लेती थीं और जरूरत पड़ने पर वहीं मेकअप भी बदलती थीं।
उमराव जान
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'उमराव जान' के लिए नहीं ली उर्दू की बाकायदा ट्रेनिंग
रेखा की सबसे यादगार फिल्मों में साल 1981 में रिलीज हुई 'उमराव जान' का नाम सबसे पहले आता है। मुजफ्फर अली के निर्देशन में बनी इस फिल्म में उन्होंने एक शायरा और तवायफ का किरदार निभाया था। फिल्म में उनकी अदायगी, नृत्य और संवाद बोलने के अंदाज ने दर्शकों को प्रभावित किया।
दिलचस्प बात यह है कि 1986 में बीबीसी को दिए एक इंटरव्यू में रेखा ने बताया था कि उन्होंने इस फिल्म के लिए उर्दू की ट्रेनिंग नहीं ली थी। उन्होंने यह भी कहा था कि उन्हें नहीं लगता कि उन्होंने ऐसा कुछ खास किया था, जिसके लिए उन्हें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार मिलना चाहिए। बता दें कि इस भूमिका के लिए रेखा को सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री का राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार मिला। आज भी 'उमराव जान' को उनके करियर की सबसे महत्वपूर्ण फिल्मों में गिना जाता है।
रेखा
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विनोद खन्ना के साथ जुड़ा नाम
1972 में करियर की शुरुआत में फिल्म 'एक बेचारा' की शूटिंग के दौरान रेखा का नाम जीतेंद्र के साथ भी जुड़ा। तब शोभा कपूर, जीतेंद्र की गर्लफ्रेंड थीं पर वो ज्यादातर जॉब के सिलसिले में विदेश रहती थीं। वहीं, जीतेंद्र, रेखा के लिए अपनी गर्लफ्रेंड शोभा को छोड़ने को तैयार नहीं थे।
यासिर उस्मान की किताब 'रेखा: द अनटोल्ड स्टोरी' के मुताबिक एक फिल्म की शूटिंग के दौरान जीतेंद्र ने साथी गुरु से कहा कि रेखा मेरा बेस्ट टाइम पास हैं। रेखा ने यह सुन लिया और इसके बाद दोनों का ब्रेकअप हो गया।
विनोद मेहरा और रेखा
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क्या रेखा ने कर ली थी विनोद मेहरा से शादी?
1973 में रेखा का नाम एक्टर विनोद मेहरा से जोड़ा गया था। दोनों के अफेयर की खूब चर्चा भी हुई। विनोद मेहरा पहले से ही दो बार शादी कर चुके थे और दोनों से तलाक ले चुके थे।
यासिर उस्मान ने अपनी किताब में जिक्र करते हुए बताया था कि रेखा और विनोद मेहरा ने कोलकाता में शादी कर ली थी, लेकिन विनोद जब वह अभिनेत्री को लेकर अपने घर पहुंचे, तो उनकी मां ने रेखा को बेइज्जत करके घर से निकाल दिया।
इसके बाद दोनों का रिश्ता खत्म हो गया। बता दें कि सिमी गरेवाल को दिए इंटरव्यू में रेखा ने विनोद मेहरा के साथ शादी की बात से इनकार कर दिया था और अभिनेता को अपना वेल विशर बताया था। जीतेंद्र और विनोद मेहरा के अलावा रेखा का नाम नवीन निश्चल, किरण कुमार और राज बब्बर जैसे एक्टर्स से भी जोड़ा गया।
रेखा-अमिताभ बच्चन
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अमिताभ बच्चन के साथ जोड़ी और फिल्मों की चर्चा
इनके बाद रेखा की जिंदगी में बिग बी की एंट्री हुई। रेखा और अमिताभ बच्चन की जोड़ी हिंदी सिनेमा की चर्चित जोड़ियों में शामिल रही है। दोनों ने 'दो अनजाने', 'मुकद्दर का सिकंदर', 'मिस्टर नटवरलाल' और 'सिलसिला' समेत कुल 11 फिल्मों में साथ काम किया। इन फिल्मों में दोनों की केमिस्ट्री को दर्शकों ने पसंद किया। खासकर 'सिलसिला' को लेकर आज भी चर्चा होती है।
रेखा के लिए इन्फ्लूएंसर की तरह थे अमिताभ
साल 1976 में अमिताभ और रेखा ने फिल्म 'दो अनजाने' में साथ काम किया था। उस वक्त बिग बी सुपरस्टार थे और शादीशुदा भी थे। वहीं, रेखा अपने करियर में एक बेहतर किरदार तलाश कर रही थीं। शूटिंग के दौरान अमिताभ ने रेखा की खूब मदद की।
एक इंटरव्यू में रेखा ने बताया था- 'इंडस्ट्री ने शुरुआत में मेरे साथ बहुत बुरा व्यवहार किया था। लोग मेरे डार्क कॉम्प्लेक्शन, मोटापे और साउथ इंडियन टोन का मजाक उड़ाते थे। बाद में मैंने खुद को फिजिकली ट्रांसफॉर्म किया। हिंदी बोलना सीखा और मुझे बड़ी फिल्में मिलने लगीं।
जब मुझे 'दो अनजाने' में अमिताभ के अपोजिट कास्ट किया गया, तो मेरे लिए यकीन करना मुश्किल था। मैं उनके सामने ठीक से खड़ी नहीं हो पाती थी। वो मेरी लाइफ में इन्फ्लूएंसर की तरह आए और उन्होंने कई ड्रामेटिक चेंज किए। मैंने इससे पहले कभी उनके जैसा कोई नहीं देखा था।
रेखा-अमिताभ बच्चन-जया बच्चन
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जब उड़ी अमिताभ और रेखा के अफेयर की चर्चा
फिल्मों में काम करते हुए दोनों के अफेयर की चर्चा भी जोरों पर थी। हालांकि, दोनों में से किसी ने भी कभी इन बातों की पुष्टि नहीं की, लेकिन रेखा अक्सर कई मौकों पर अमिताभ की तारीफ करती रही हैं। सिमी गरेवाल को दिए एक इंटरव्यू में रेखा ने कहा था, 'बेशक मुझे उनसे प्यार है। दुनिया भर का प्यार आप ले लीजिए और उसमें कुछ और भी जोड़ लीजिए, मैं उस व्यक्ति के लिए ऐसा महसूस करती हूं।
मैं उन्हें अवॉर्ड फंक्शंस में देखती हूं और मेरे लिए यही बहुत है। मेरे लिए उनसे बात करना जरूरी नहीं, वो पूरी तरह से मेरे दिमाग पर हावी हैं। मेरे लिए वो काफी स्पेशल हैं। वो अगर मुझसे कुछ ना भी कहें और ना ही मेरी तरफ देखें तब भी मैं खुश रहूंगी।'
ऋषि-नीतू की शादी में सिंदूर और मंगल-सूत्र पहनकर पहुंची थीं रेखा
ऋषि कपूर और नीतू सिंह की शादी में अभिनेत्री मांग में सिंदूर लगाकर और गले में मंगल-सूत्र पहनकर पहुंची थी। वहां मौजूद हर कोई यह देखकर हैरान रह गया था। सभी कैमरा की नजर ऋषि-नीतू से हटकर रेखा पर आ गई थी। हर तरफ यह चर्चा होने लगी कि आखिर एक्ट्रेस ने किससे शादी की है।
फिर जब अभिनेत्री से इस बारे में पूछा गया, तो उन्होंने कहा था कि फिल्म की शूटिंग चल रही थी और वह वहीं से सीधा यहां आ गईं।
रेखा
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पति के निधन के बाद लोगों ने लगाए कई आरोप
1990 में रेखा ने दिल्ली बेस्ड इंडस्ट्रियलिस्ट मुकेश अग्रवाल से शादी कर ली थी। रेखा और मुकेश की मुलाकात फैशन डिजाइनर बीना रमानी ने करवाई थी। शादी के कुछ ही महीनों बाद मुकेश ने आत्महत्या कर ली और अपने पीछे एक नोट छोड़ा था जिस पर लिखा था कि किसी को ब्लेम मत करना।
मशहूर फिल्म क्रिटिक और जर्नलिस्ट भावना सोमैया ने अपने एक आर्टिकल में लिखा था कि पति के निधन के बाद कई लोगों ने रेखा को चुडै़ल और हत्यारी तक कहा था। कई लोगों ने एक्ट्रेस पर काला जादू करने तक के आरोप लगाए थे।
रेखा
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रेखा का फिल्मी करियर
रेखा ने अपने फिल्मी करियर की शुरुआत बतौर बाल कलाकार की थी, जबकि हिंदी सिनेमा में उन्होंने 1970 में फिल्म 'सावन भादों' से कदम रखा। शुरुआती दौर में अपनी खूबसूरती और अभिनय के लिए पहचानी जाने वाली रेखा ने 1970 और 1980 के दशक में कई शानदार फिल्मों से अपनी अलग पहचान बनाई।
'घर', 'मुकद्दर का सिकंदर', 'मिस्टर नटवरलाल', 'उमराव जान', 'सिलसिला', 'खूबसूरत' और 'खून भरी मांग' जैसी फिल्मों में उनके अभिनय को खूब सराहा गया।
1990 के दशक के बाद रेखा ने फिल्मों में काम करना काफी कम कर दिया, लेकिन उन्होंने पूरी तरह अभिनय से संन्यास नहीं लिया। वह बीच-बीच में फिल्मों में नजर आती रहीं। उनकी प्रमुख बाद की फिल्मों में 'कोई मिल गया' (2003), 'कृष' (2006), 'ओम शांति ओम' (2007), 'सुपर नानी' (2014) और 'शमिताभ' (2015) शामिल हैं।
उनकी आखिरी रिलीज हुई हिंदी फिल्म 'यमला पगला दीवाना फिर से' (2018) है, जिसमें वह विशेष भूमिका में नजर आई थीं। इसके बाद से वह हिंदी फिल्मों में नियमित रूप से सक्रिय नहीं रही हैं।
रेखा
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रेखा के जीवन की कुछ अनसुनी बातें
- रेखा तमिल एक्टर जेमिनी गणेशन और तेलुगु एक्ट्रेस पुष्पावल्ली की बेटी हैं। रिलेशनशिप में रहते हुए ही पुष्पावली ने रेखा को जन्म दिया था।
- रेखा इंडस्ट्री की पहली एक्ट्रेस थीं जिन्होंने जिम और स्विमिंग ट्रेनिंग ली थी। रेखा अपनी स्टाइलिंग भी खुद ही करती हैं।
- रेखा ने अपने करियर में सबसे ज्यादा 26 फिल्में जीतेंद्र के साथ कीं। अमिताभके साथ उन्होंने 11 फिल्मों में काम किया।
- रेखा ने अमिताभ की फिल्म 'आखिरी रास्ता' में श्रीदेवी और 'सूर्यवंशम' में जयासुथा और सौंदर्या की वॉइस डब की थी।
- 1986 में रेखा के घर से एक्सपेंसिव ज्वैलरी के 48 पीस चोरी हो गए थे। उन्होंने 17 साल बाद कोर्ट से ज्वैलरी कलेक्ट की थी।
- रेखा के पास गोल्ड कलर की कांजीवरम और शिफॉन साड़ियों का काफी बड़ा और महंगा कलेक्शन है।
- 'खूबसूरत', 'अगर तुम ना होते' और 'एक नया रिश्ता' जैसी फिल्मों में रेखा प्लेबैक सिंगिंग भी कर चुकी हैं।
- रेखा ने लगातार (1977 से 1981 तक) 5 साल तक हर साल 10 या उससे ज्यादा फिल्मों में काम किया।
- एक्ट्रेस इन दिनों बैंडस्टैंड पर 100 करोड़ के बंगले 'बसेरा' में रहती हैं। उनकी मौजूदा नेटवर्थ 332 करोड़ रुपए है।