हैलो फ्रैंड्स! ये तो आप जानते ही हैं आजकल कॉमेडी फिल्मों का चलन है। इस बार हम चर्चा करने जा रहे हैं हंसी-मजाक से भरी एडल्ट कॉमेडी की। यानी आज हम बात करेंगे एकता कपूर के बैनर तले बनी 'क्या सुपर कूल हैं हम' की। कहने को ये 'क्या कूल हैं हम' का सीक्वल है लेकिन है उससे एकदम अलग यानी जैसे एकता ने कहा था कि इस फिल्म में आपको सब कुछ डबल मिलेगा, कुछ गलत नहीं था, इसमें पिछली फिल्म के मुकाबले डबल मिनिंग शब्दों की भरमार और साथ ही डबल सेक्स कॉमेडी मौजूद है।
कहानी
फिल्म में आदी (तुषार कपूर) और सिड (रितेश देशमुख) बहुत अच्छे दोस्त हैं। लेकिन दोनों के कॅरियर पर बुरी दशा चल रही है। सिड की कमाई का जरिया है सकरू (कुत्ता) वहीं आदी को अपनी किस्मत यानी लकी लड़की का इंतजार है। इसी थीम पर स्टोरी आगे बढ़ती है और शुरू होता है दोहरे संवादों का सिलसिला। कहने को इसी थीम पर किस्मत कनेक्शन फिल्म भी बन चुकी है लेकिन उसमें सेक्स का तड़का नहीं था। 'क्या कूल हैं हम' में यही थीम थी लेकिन इस बार कई नई चीजें जोड़ी गई हैं, खासतौर पर सकरू (कुत्ता)।
अभिनय
तुषार और रितेश की कैमस्ट्री अच्छी थी। कहीं रितेश तुषार पर भारी पड़े तो कई दृश्यों में इसका उल्टा भी दिखा। नेहा पहले ये फिल्म नहीं करने वाली थीं, लेकिन वो इस फिल्म में काफी आकर्षित करती हैं। सारा जेन की अलग ही पसर्नेलटी है लेकिन कहीं-कहीं सारा ओवर-एक्टिंग करती दिखीं। रजाक और चंकी पांडे अपनी छाप छोड़ने में कामयाब रहे।
निर्देशन
ऐसा लगता है कि निर्देशक सचिन यार्डी ने पहले बनाई फिल्म 'क्या कूल हैं हम' से भी ज्यादा ईमानदार तरीके से इस फिल्म पर काम किया है। फिल्म का विजन एकदम क्लीयर है। ये एक एडल्ड कॉमेडी है। फिल्म कहीं भी आपको बोर नहीं करेगी। आमतौर पर जिन फिल्मों का फर्स्ट हाफ अच्छा होता है, उनका सेकेंड हाफ ठीक-ठाक या कामचलाऊ होता है मगर फिल्म में बैलेंस बना हुआ है।
संगीत
फिल्म का संगीत यादगार नहीं है लेकिन फिल्म के दौरान आप इन्हें गुनगुना सकते हैं। टाइटल सॉन्ग के अलावा 'हम तो हैं कप्पूचीनों और' 'दिल गाडर्न-गाडर्न' अच्छा सॉन्ग है। इतना ही नहीं कप्पूचीनों और 'दिल गाडर्न-गाडर्न' का सेटअप और कोरयोग्राफी भी जानदार है।
क्यों देखें
आपको एडल्ड जोक्स पसंद है और जोक्स के साथ-साथ हंस-हंस कर लोट-पोट होना है तो आप फिल्म देख सकते हैं। अगर आप सोच रहे हैं कि यह फिल्म 'क्या कूल हैं हम' की ही तरह होगी तो आप गलत हैं। ये फिल्म है उसी का सीक्वल है लेकिन जैसे कहा गया था, इसमें सब कुछ वाकई डबल है।
क्यों न देखें
अगर आप पुराने ख्यालात के हैं और आप सेक्स कॉमेडी से नाक-भौं सिकोड़ते हैं तो यह फिल्म आपके लिए नहीं है। फिल्म देखने के लिए बच्चों को साथ ना ले जाएं तो बेहतर। युवा दर्शकों को फोकस करके ये फिल्म बनाई गई है तो फिल्म देखने जाने से पहले इन बातों का खास ख्याल रखें।
एक्ट्रा शॉट्स
इस फिल्म का पहला भाग लगभग छह-सात साल पहले बना था। पिछली फिल्म जिन कारणों से हिट हुई, वो सारे एलीमेंट्स और ज्यादा मात्रा में यहां मौजूद हैं।
रितेश देशमुख, तुषार कपूर और अनुपम खेर पिछली फिल्म 'क्या कूल हैं हम' का भी हिस्सा थे।
फिल्म में 'देवदास' फिल्म के भी एक सीन को कॉमेडी के साथ परोसा गया है।
टीवी पर इस फिल्म के प्रोमो रिलीज नहीं किए गए लेकिन इंटरनेट पर फिल्म के असली प्रोमो ने धूम मचाई।
अभिनेत्री नेहा शर्मा ने ‘क्या सुपर कूल हैं हम’ में काम करने से मना कर दिया था क्योंकि वे इस फिल्म के ‘बोल्ड कंटेट से घबराई हुई थीं।
फिल्म के सितारे
सितारे कहते हैं कि 'क्या सुपर कूल हैं हम' लोगों को काफी पसंद आएगी और एकता कपूर के काम को लोग पसंद करेंगे। यह फिल्म शुभ मुहूर्त और योग में रिलीज हो रही है, जिसका फायदा एकता कपूर को होगा। पिछले साल तुषार ने कई फिल्मों में काम किया लेकिन भाग्य ने साथ नहीं दिया। इस साल का भाग्यांक पांच है और तुषार कपूर का भाग्यांक भी पांच है। यह तुषार कपूर के लिए अनुकूल है। इस फिल्म से उन्हें अपनी अलग पहचान बनाने का मौका मिलेगा। 'क्या सुपर कूल हैं हम' का मूलांक 5 है और रितेश का मूलांक 9 है। अंक ज्योतिष के अनुसार 5 और 9 मूलांक वालों का संबंध शुभ और लाभप्रद होता है। इसलिए यह फिल्म रितेश के लिए भी फायदेमंद होगी।
बैनर: एएलटी एंटरटेनमेंट, बालाजी टेलीफिल्म्स लिमिटेड
निर्माता: एकता कपूर
निर्देशक: सचिन यार्डी
संगीत: सचिन-जिगर, शंकर-एहसान-लॉय
कलाकार: तुषार कपूर, रितेश देशमुख, नेहा शर्मा, सारा जेन डायस, अनुपम खेर, चंकी पांडे
रेटिंग: **1/2