ग्रैमी पुरस्कार विजेता संगीतकार लालो शिफ्रिन, जिन्हें 'मिशन इंपॉसिबल' थीम के लिए जाना जाता था। वैरायटी की रिपोर्ट के अनुसार संगीतकार का गुरुवार को निधन हो गया। उन्होंने 93 वर्ष की उम्र में इस दुनिया को अलविदा कह दिया।
इस वजह से हुआ निधन
वैरायटी की रिपोर्ट के मुताबिक संगीतकार लालो शिफ्रिन ने गुरुवार को 93 वर्ष की उम्र में अंतिम सांस ली। इस खबर के सामने आते ही हॉलीवुड मनोरंजन इंडस्ट्री में शोक की लहर छा गई। समाचार आउटलेट ने बताया कि मशहूर संगीतकार का निमोनिया के कारण आई परेशानियों के चलते निधन हुआ। लालो शिफ्रिन फिल्मों और टीवी की दुनिया में एक जाना-पहचाना नाम थे। संगीतकार को 'मिशन इंपॉसिबल' के बेहद आकर्षक थीम तैयार करने के लिए वैश्विक प्रसिद्धि मिली।
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लालो शिफ्रीन के बारे में
बोरिस क्लाउडियो शिफ्रिन का जन्म 21 जून 1932 को ब्यूनस आयर्स में एक संगीत परिवार में हुआ था, उनके पिता लुइस शिफ्रिन 25 वर्षों तक शहर के फिलहारमोनिक ऑर्केस्ट्रा के कंसर्टमास्टर रहे। इसके बाद लालो शिफ्रिन 1958 में संयुक्त राज्य अमेरिका चले गये और एक दशक बाद अमेरिकी नागरिक बन गये। संगीतकार ने शानदार करियर में जैज और आधुनिक ध्वनियों के साथ अपने शास्त्रीय और सिम्फोनिक प्रशिक्षण के प्रभावों को मिश्रित किया। इससमें लगभग 100 फिल्मों के संगीत शामिल हैं, जिनमें से कुछ अपने दौर की सबसे प्रसिद्ध फिल्में हैं।
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इन फिल्मो में दिया म्यूजिक
1960 के दशक में 'मिशन इंपॉसिबल' के थीम संगीत तैयार करने के अलावा लालो शिफ्रिन को इन फिल्मों में शानदार संगीत देने के लिए जाना जाता था। उन्होंने ‘द सिनसिनाटी किड’, ‘बुलिट’, ‘कूल हैंड ल्यूक’ और क्लिंट ईस्टवुड की ‘डर्टी हैरी’ जैसी फिल्मों में भी संगीत दिया था।