दुनिया में मी-टू अभियान शुरू होने के मुख्य किरदार और दुष्कर्म व यौन उत्पीड़न मामले में 23 साल की सजा काट रहे हॉलीवुड के मशहूर फिल्म निर्माता हार्वे वीनस्टीन को अस्पताल से न्यूयॉर्क की सरकारी जेल में स्थानांतरित कर दिया गया है।
गुरुवार को 68 साल के होने से ठीक पहले वीनस्टीन को अधिकतम सुरक्षा वाली वेंडे सुधार सुविधा में रखा गया है। विश्व में मशहूर फिल्म देने वाले वीनस्टीन को इन दिनों कैदी नंबर 20-बी/0584 के रूप में सलाखों के पीछे रखा गया है। मैनहट्टन से करीब 300 किलोमीटर दूर इस सरकारी जेल में वीनस्टीन को कुछ समय के लिए रखा जाएगा। इस दौरान यह मूल्यांकन किया जाएगा कि कौन सी जेल उनकी सुरक्षा व चिकित्सा जरूरतों को पूरा करती है।
24 फरवरी को दोषी ठहराए जाने के बाद गत सप्ताह ही वीनस्टीन को सजा सुनाई गई थी। वीनस्टीन ने इस फैसले के बाद सीने में दर्द की शिकायत की। इसके बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया जहां उन्हें स्टेंट डाला गया। ‘शेक्सपियर इन लव’ फिल्म के ऑस्कर विजेता निर्माता वीनस्टीन को 2013 में एक हॉलीवुड अभिनेत्री से दुष्कर्म और 2006 में टीवी व फिल्म निर्माण सहायक पर जबरन यौन संबंध बनाने का दोषी ठहराया गया था।
वकीलों ने कहा, कठोर कदम
वीनस्टीन के वकीलों ने अदालत द्वारा वीनस्टीन को जेल भेजने के फैसले को कठोर कदम बताया है। उन्होंने कहा कि वे इस फैसले के खिलाफ अपील कर रहे हैं। बता दें कि कोरोना संकट के चलते अदालत को बंद कर दिया गया है इसलिए उन्हें फिलहाल जेल भेज दिया गया है।