फिल्म 'मसान' के किरदार में उतरने के लिए किया खास काम
फिल्म 'मसान' में भी विनीत कुमार का किरदार दर्शकों पर गहरा असर करता है। ऐसा इसलिए मुमकिन हुआ क्योंकि उन्होंने अपने किरदार में उतरने के लिए एक खास काम कई दिनों तक किया। वह कहते हैं, 'एक अभिनेता के लिए अपने किरदार को जानना बहुत जरूरी है। मैं बिहार से बिलॉन्ग करता हूं। 'मसान' फिल्म में मेरा किरदार शमशान घाट पर मुर्दे जलाने का काम करता है। ऐसे में मैं अपने ननिहाल बनारस गया। वहां पर रिश्तेदारों के घर पर रहा। फिर मणिकर्णिका घाट पर लाशें जलाने वाले लोगों के साथ काम किया। उन लोगों में मैंने सब कुछ सीखा। मैंने देखा कि वो लोग बिना चप्पल पहने ही यह सब करते हैं। तो मैंने चप्पल पहनना छोड़ दिया। मैं सुबह 8 बजे से रात 8 बजे तक यह काम करता था।'
मलयालम फिल्में के कायल हैं अभिनेता
विनीत कुमार ने हिंदी के अलावा दक्षिण भारतीय फिल्मों में भी अभिनय किया है, भाेजपुरी में भी वह काम कर चुके हैं। उन्हें मलयालम फिल्में देखने का काफी शौक है। वह कहते हैं, 'मलयालम फिल्में दर्शकों को चौकाती हैं। मैं काफी साउथ की फिल्में देखता हूं। तमिल, तेलुगु, गुजराती, पंजाबी सिनेमा के एक्टर्स अपनी भाषा से जुड़े हुए हैं। अपनी मिट्टी से एक रिश्ता रखते हैं। लेकिन जब हम बॉलीवुड बोलते हैं, अपनी जमीन छोड़ देते हैं, अपनी जड़ों को भूल जाते हैं।'