विजय वर्मा इन दिनों अपनी आगामी ओटीटी सीरीज 'मटका किंग' को लेकर चर्चाओं में हैं। एक्टर सीरीज के प्रमोशन में जुटे हुए हैं। इसी दौरान उन्होंने मुंबई में अपने शुरुआती संघर्षों को याद किया, जिन्होंने उनके जीवन को आकार दिया। उनका कहना है कि ये अनुभव उनके किरदार के अनुभवों से काफी मिलते-जुलते हैं। साथ ही ‘गली बॉय’ को लेकर भी बात की।
अपने शुरुआती दिनों की याद दिलाता है ‘मटका किंग’ का किरदार
टाइम्स ऑफ इंडिया से बात करते हुए विजय वर्मा ने ‘मटका किंग’ में अपने किरदार के एक डायलॉग का जिक्र किया, जो उन्हें काफी पसंद है। यह डायलॉग है- ‘मुझे न ज्यादा जीतना है न ज्यादा हारना है।’ एक्टर का मानना है कि यह भावना अब उनके लिए व्यक्तिगत हो गई है। उन्होंने कहा कि मैं इसी दर्शन को अपने जीवन में अपना रहा हूं। यह भूमिका मुझे अपने शुरुआती दिनों की भी याद दिलाती है। मैं कुछ कपड़ों और किताबों से भरे एक सूटकेस के साथ मुंबई आया था। मैं सपनों के साथ आया था। मैं अपने जीवन के उस हिस्से से खुद को जोड़ पाता हूं।
गली बॉय में विजय वर्मा और रणवीर सिंह
- फोटो : सोशल मीडिया
‘गली बॉय’ ने बदली करियर की दिशा
अपने अभिनय में एक दिलचस्प कड़ी जोड़ते हुए विजय ने ‘डार्लिंग्स’ में हमजा के अपने किरदार का जिक्र किया और बताया कि यह नाम अन्य कहानियों में भी बार-बार आता है। उन्होंने कहा कि जब जीवन आपको हमजा जैसा किरदार दे, तो उसे धुरंधर हमजा बनाओ न कि डार्लिंग्स वाला हमजा।
ये परिवर्तन और दृढ़ता की ओर इशारा करता है। ‘गली बॉय’ को अपने करियर का एक निर्णायक मोड़ मानते हुए एक्टर ने कहा कि मैं शुक्रगुजार हूं कि मुझे वह फिल्म करने का मौका तब मिला जब मैं अपने सबसे बुरे दौर से गुजर रहा था। इस फिल्म ने मेरे करियर की दिशा बदलने में मदद की।
'मटका किंग'
- फोटो : वीडियो ग्रैब
‘मटका किंग’ में नजर आएंगे विजय
वर्कफ्रंट की बात करें तो विजय वर्मा जल्द ही ‘मटका किंग’ में नजर आएंगे। यह एक कपास व्यापारी की कहानी है कि कैसे वो मटका किंग यानी गैम्बलिंग का सरगना बन जाता है। इस सीरीज में विजय के साथ कृतिका कामरा, साईं ताम्हणकर, गुलशन ग्रोवर और सिद्धार्थ जाधव भी अहम भूमिकाओं में नजर आएंगे। ‘मटका किंग’ 17 अप्रैल से प्राइम वीडियो पर स्ट्रीम होगी।