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गुलजार ने सिखाई ‘पहली मोहब्बत’, जावेद ने प्रेमिका को बताया शायर का ख्वाब; इरशाद को ‘इश्क’ में दिखा ‘रिस्क’

Sat, 14 Feb 2026 07:59 AM IST
आराध्य त्रिपाठी एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला

सार

Romantic Songs On Valentine Day: वैलेंटाइन डे पर अपना प्यार जताने के लिए बॉलीवुड के गाने काफी मददगार होते हैं। जानते हैं ऐसे ही तीन दिग्गज गीतकारों के उन रोमांटिक गानों के बारे में, जो आपके वैलेंटाइन को बना सकते हैं और भी खास…
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वैलेंटाइन डे पर रोमांटिक गानें - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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जीवन में जब इश्क का ‘इरशाद’ होता है, तो जिंदगी ‘गुलजार’ बन जाती है। फिर जब ये इश्क ‘कामिल’ होता है, तो हमेशा के लिए ‘जावेद’ हो जाता है। बॉलीवुड में भी इन चार शब्दों ने ही हमें इश्क करना सिखाया है या यूं कहें कि हमारे इश्क को मुकम्मल बनाया है।

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दरअसल, इन चार शब्दों से मिलकर बनते हैं बॉलीवुड के तीन दिग्गज गीतकार- इरशाद कामिल, गुलजार और जावेद अख्तर। ये वो नाम हैं, जिनके गीतों ने न जाने कितनों की प्रेम कहानियां लिखी हैं। न जाने कितनों की लव स्टोरी ‘एक लड़की को देखा तो ऐसा लगा’ से शुरू होकर ‘तुमसे ही दिन होता है, तुमसे ही शाम आती’ का सफर करते हुए ‘तेरा बिना बेसुआदी बेसुआदी रतियां’ तक पहुंची है। कितनों ने अपनी प्रेम कहानी को ये कहकर पूरा किया है कि ‘नादां हैं वो कहते हैं जो मेरे लिए तुम हो गैर’।

इन तीनों ने ‘पहली बार मोहब्बत’ करने से लेकर ‘जो भी है सब तेरे हवाले’ करने तक हमें इश्क सिखाया है। आज वैलेंटाइन डे के मौके पर जानते हैं गुलजार, जावेद अख्तर और इरशाद कामिल के उन गानों के बारे में जब इनके कलम से इश्क हर एक हर्फ में घुल गया।

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गुलजार के रोमांटिक गाने - फोटो : अमर उजाला

गुलजार ने सिखाई ‘पहली बार मोहब्बत’
गुलजार ने जब इश्क लिखा तो उनका दिल बच्चा बन गया, जिसने ‘डर लगता है इश्क करने से जी’ कहते-कहते भी ‘इश्क दी बाजियां’ खेलीं। जहां ‘सांस से जब सांस मिली’ तो उन्होंने कहा ‘रात का नशा अभी, आंख से गया नहीं।’

गुलजार इश्क में इस कदर डूबे कि उन्होंने यहां तक कह डाला कि ‘तेरे बिना चांद का सोना खोटा रे’ और जब इश्क में नाराज हुए तो पूछ लिया ‘क्यों उर्दू फारसी बोलते हो…’।

कभी उन्होंने अपने महबूब को ‘रात की चादर तले, चुपके से गले लगाया’, तो कभी कहा कि ‘हंसती रहे तू हंसती रहे, ह्या की लाली खिलती रहे।’

हालांकि, जब वो नाराज हुए तो उन्होंने अपने पार्टनर से अपनी ‘एक सौ सोलह चांद की रातें’ भी वापस मांग ली और कहा कि ‘मेरा कुछ सामान तुम्हारे पास पड़ा…. मेरा सामान लौटा दो’।

जावेद अख्तर के रोमांटिक गाने - फोटो : अमर उजाला

मोहब्बत में जावेद अख्तर की दुनिया हुई खूबसूरत
जावेद अख्तर ने जिस तरह से ‘एक लड़की’ को देखने के बाद उसकी तारीफ की है, वो इश्क में उनके डूबने की गहराई को दिखाता है। प्यार की शुरुआत होने पर जावेद साहब लिखते हैं ‘ऐसा लगता है दिल ये मेरा खोने को है’।

वहीं महबूब को अपना सुकून बताते हुए वो कहते हैं ‘तुमको देखा तो ये ख्याल आया, जिंदगी धूप तुम घना साया’। इश्क में जावेद साहब इस कदर डूबते हैं कि वो खो जाते हैं कि ‘घर से निकलते ही’ ‘ये कहां आ गए हम यूं ही साथ-साथ चलते’।

‘जादूई भरी आंखों वाली’ अपनी प्रेमिका की ‘आंखों की अजब सी अदाओं’ में वो इस कदर खोते हैं कि उनसे ‘दिन और रात काटे नहीं कटते…’ और वो अपने दिल की बात कह डालते हैं।

वो बताते हैं कि ‘हमें जबसे मोहब्बत हो गई है, ये दुनिया खूबसूरत हो गई है’। जिसके बाद उनकी दूरियां मिट जाती हैं और ‘ख्यालों में सवालों में और जवाबों’ में बस वो ही नजर आते हैं।

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इरशाद कामिल के रोमांटिक गाने - फोटो : अमर उजाला

इरशाद कामिल को इश्क में लगा रिस्क
इरशाद कामिल ने इश्क को अलग-अलग मौकों पर अलग-अलग तरह से बयां किया है। उन्होंने कभी इश्क को मुश्किलों में डालने वाला बताते हुए इसमें रिस्क बताई है, तो कभी ‘आंखों आंखों में ही लाखों गल्लां’ कर डालीं।

कभी उन्हें 'बेख्याली में' भी अपने प्यार का ही ख्याल आया तो कभी उन्होंने कहा ‘तुमसे ही दिन होता है तुमसे ही शाम आती है।’ जानते हैं इरशाद कामिल वो गाने जब उन्होंने इश्क को ही कागज पर उतार दिया।

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