यूं तो किसी भी फिल्म के बनने की कहानी सामने आती है तो कहा जाता है कि इस पर बहुत सोचा गया। प्रोड्यूसर और डायरेक्टर के बीच खूब बैठकबाजी हुईं। विषय पर खूब माथा खपाया गया और उसके बाद घंटों की बहस से तय हुआ कि यह फिल्म बनेगी। लेकिन ओलंपिक मैडलिस्ट बॉक्सर की कहानी ‘मैरी कॉम’ को लेकर ऐसा कुछ भी नहीं हुआ। फिल्म के निर्मात संजय लीला भंसाली ने बुधवार को फिल्म के ट्रेलर की लॉन्चिंग के मौके पर जो बात बताई उसने सबको चौंका दिया।
संजय ने बताया यह किस्सा
संजय ने बताया कि एक दिन मैं दफ्तर में था तो पता चला कि उसी बिल्डिंग में उमंग कुमार आए हैं। उमंग इस फिल्म के डायरेक्टर हैं। वह प्रोडक्शन डिजाइनर रहे हैं और भंसाली के साथ उनकी फिल्म सांवरिया में जुड़े थे।
भंसाली के अनुसार, उमंग जब वापस लौटने के लिए लिफ्ट से उतर रहे थे कि मैं दफ्तर से बाहर निकला। लिफ्ट रुकी और दरवाजा खुला। हमने एक-दूसरे का अभिवादन किया और उमंग ने कहा कि मेरे पास एक फिल्म का बढ़िया आइडिया है। यह फिल्म मैरी कॉम की लाइफ पर है। इतना सुनते ही भंसाली ने कहा, ‘ओके। डन। मैं तुम्हारी इस फिल्म को प्रोड्यूस कर रहा हूं।’
और फाइनल हो गई फिल्म
उमंग लिफ्ट से नीचे चले गए। बस फिल्म फाइनल हो गई। भंसाली के अनुसार उन्होंने उमंग के साथ न कोई बैठक की और न कहानी सुनी, न स्क्रिप्ट पर बात की। देखते-देखते फिल्म बनना तय हो गया। भंसाली ने कहा, ‘बड़ी बड़ी मीटिंग, आइडिये पर लंबी-चौड़ी बहस वगैरह बेकार की बातें हैं। जिन्हें समझ होती है वे चुटकी बजाते आइडिये को समझ जाते हैं और फिल्म बना डालते हैं।’ मैरी कॉम में प्रियंका चोपड़ा इस बॉक्सर की भूमिका निभा रही हैं। फिल्म पांच सितंबर को रिलीज होगी।