70वें गणतंत्र दिवस की पूर्वसंध्या पर राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद ने भारत के सबसे बड़े सम्मान का ऐलान किया। इसमें गीतकार, संगीतकार और गायक भूपेन हजारिका का नाम भी शामिल है जिसमें पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी और भूपेन हजारिका को भारत रत्न से सम्मानित किया जाएगा।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इनके योगदान का जिक्र करते हुए इन्हें भारत रत्न दिए जाने पर खुशी जताई है। बता दें कि इस सम्मान श्रेणी में अभिनेता मनोज वाजपेयी, कादर खान, निर्देशक और कोरियोग्राफर प्रभुदेवा, गायक और संगीतकार शंकर महादेवन नाम, साउथ फिल्मों के सुपरस्टार मोहनलाल को पद्मश्री सम्मान के लिए चुना गया है। कादर खान को ये सम्मान मरणोपरांत दिया जा रहा है।
गौरतलब है कि बीते वर्ष 2018 की 31 दिसंबर को कादर खान ने लंबी बीमारी के चलते दुनिया से अलविदा कह दिया था। हिंदी सिनेमा में उनके महत्वपूर्ण योगदान के चलते इस राष्ट्रीय सम्मान के लिए उन्हें चुना गया है। वहीं, गीतकार भूपेन हजारिका को भी मरणोपरांत नागरिक सर्वोच्च सम्मान से पुरस्कृत किया जा रहा है।
भूपेन हजारिका भारत के पूर्वोत्तर राज्य असम से एक बहुमुखी प्रतिभा के गीतकार, संगीतकार और गायक थे। इसके अलावा वे असमिया भाषा के कवि, फिल्म निर्माता, लेखक और असम की संस्कृति और संगीत के अच्छे जानकार भी रहे थे। वह अपने गीत खुद लिखते थे, संगीतबद्ध करते थे और गाते थे। उन्होंने कविता लेखन, पत्रकारिता, गायन, फिल्म निर्माण आदि अनेक क्षेत्रों में काम किया। अपनी मूल भाषा असमिया के अलावा भूपेन हजारिका हिंदी, बंगला समेत कई अन्य भारतीय भाषाओं में गाना गाते रहे थे। उन्हें पद्मभूषण सम्मान से भी सम्मानित किया गया था।