राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार विजेता फिल्म 'कोर्ट' से चर्चा में आए अभिनेता वीरा साथीदार का कोरोना संक्रमण के इलाज के दौरान ही निधन हो गया है। उनका इलाज नागपुर के एक अस्पताल में चल रहा था। साथीदार के निधन से मराठी सिनेजगत स्तब्ध रह गया है और लोग उन्हें श्रद्धांजलि दे रहे हैं। जानकारी के मुताबिक साथीदार को बीते हफ्ते तेज बुखार के बाद कोरोना संक्रमित होने का पता चला। सांस लेने में तकलीफ के बाद उन्हें नागपुर के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया जहां पिछले दो दिनों से वह वेंटिलेटर पर थे।
अभिनय के अलावा अपने लेखन औऱ गायन के लिए भी पहचाने जाने वाले वीरा साथीदार ने राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार विजेता फिल्म 'कोर्ट' में बेहद अहम किरदार निभाया था। नागपुर के एम्स में आखिरी सांस लेने के समय उनके तमाम परिचित वहां पहुंच चुके थे। उनका निधन सोमवार को यहीं हुआ।
फिल्म 'कोर्ट' को राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार तो हासिल हुआ ही, फिल्म फेडरेशन ऑफ इंडिया की तरफ से इसे भारतीय आधिकारिक प्रविष्टि के तौर पर आस्कर पुरस्कारों के लिए भी भेजा गया था। फिल्म में उन्होंने एक बागी का किरदार निभाया था। फिल्म में उनके अभिनय की मिसालें आज भी दी जाती हैं।
वीरा साथीदार के निधन पर अभिनेत्री नयना मुके ने गहरा शोक जताया। उन्होंने कहा कि इतने महान कलाकार का यूं हमारे बीच से चले जाना बहुत दुखद है। कोरोना के मामले महाराष्ट्र समेत पूरे देश में बहुत तेजी से बढ़ रहे हैं। संक्रमण की रफ्तार इस बार बहुत तेज है और इसे देखते हुए बुजुर्गों का खास ख्याल रखे जाने की जरूरत है। नयना ने कहा कि वीरा साथीदार का निधन भारतीय सिनेमा के लिए अपूरणीय क्षति है।
फिल्म 'कोर्ट' के लेखक व निर्देशक चैतन्य ताम्हाणे ने भी कोरोना से वीरा साथीदार के देहांत पर शोक जताया है। चैतन्य ने कहा कि साथीदार एक अच्छे इंसान थे और वह खुद को खुशकिस्मत समझते हैं कि फिल्म 'कोर्ट में उनके साथ काम करने का अवसर मिला।