ऐसे हुई हिंदी फिल्म इंडस्ट्री में शुरुआत
नम्रता शिरोडकर ने अपने करियर की शुरुआत मिस इंडिया यूनिवर्स के खिताब को जीतने के बाद की थी। साल 1998 में उन्होंने सलमान खान और ट्विंकल खन्ना के साथ हिंदी फिल्मों में कदम रखा। इस फिल्म का नाम 'जब प्यार किसी से होता है' था। हालांकि, उन्हें असली पहचान साउथ फिल्म इंडस्ट्री से मिली, जहां 1999 में उन्होंने पहली तेलुगु फिल्म 'वामसी' साइन की। इस फिल्म के दौरान ही उनकी मुलाकात साउथ के सुपरस्टार महेश बाबू से हुई थी। वह इस फिल्म के हीरो भी थे। यह मुलाकात न केवल एक फिल्मी सफर की ही नहीं, बल्कि दोनों के रिश्ते की शुरुआत भी थी।
शूटिंग के दौरान हुआ प्यार
नम्रता और महेश बाबू की पहली मुलाकात 2000 में फिल्म वामसी के मुहूर्त के दौरान हुई थी। यह मुलाकात छोटी सी थी, लेकिन दोनों पर इसका गहरा असर पड़ा। फिल्म की शूटिंग के दौरान उनका रिश्ता और भी गहरा हुआ और दोनों एक-दूसरे के प्यार की गिरफ्त में आ गए। इन दोनों ने अपने रिश्ते को शुरू में काफी गुप्त रखा था, लेकिन, महेश की बहन ने एक दिन इस प्रेम कहानी का पता चल गया। इसके बाद 2004 में कपल ने अपने रिश्ते को सार्वजनिक किया और 10 फरवरी 2005 को शादी के बंधन में बंध गए।
शादी के बाद शुरू किया एक नया अध्याय
शादी के बाद नम्रता ने एक्टिंग से दूरी बना ली। दरअसल, महेश बाबू चाहते थे कि उनकी पत्नी अभिनय की दुनिया में सक्रिय न रहकर पूरा ध्यान परिवार पर एकत्रित करें। नम्रता ने भी उनकी इच्छा का सम्मान करते हुए अपनी फिल्मी सफर को अलविदा कह दिया।
आज कल क्या करती हैं नम्रता?
आज नम्रता और महेश बाबू दो बच्चों के माता-पिता हैं। वह एक बेटा और एक बेटी की मां हैं। नम्रता शिरोडकर ने हमेशा अपने परिवार को प्राथमिकता दी है। वह भले ही अब अभिनय न करती हों, लेकिन सोशल मीडिया पर काफी ज्यादा सक्रिय रहती हैं। बच्चों के साथ की वह अक्सर तस्वीरें साझा करती रहती हैं। इसके अलावा नम्रता मौजूदा समय में प्रोड्यूसर के तौर पर सक्रिय हैं। साल 2022 में आई फिल्म 'मेजर' का निर्माण उन्होंने किया था।