इकबाल, डोर और हैदराबाद ब्लू जैसी फिल्में बना चुके नागेश कुकनूर की फिल्म धनक को 65वें बर्लिन इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल के लिए चुना गया है। फिल्म जनरेशन केप्लस कैटगरी में मुकाबला करेगी। फेस्टिवल 5 फरवरी से शुरू होने जा रहा है।
इकबाल की तरह धनक का मेन कैरेक्टर भी विकलांगता का शिकार है। फिल्म की कहानी 8 साल के नेत्रहीन लड़के की है जिसकी 11 साल की बहन है और वह उससे वादा करती है कि वह उसके 10 साल के होने से पहले उसकी आंखों की रोशनी लौटा देगी। फिल्म को राजस्थान की पृष्ठभूमि में रचा गया है।
नागेश बताते हैं कि “मैंने खुद से वादा किया था कि जब तक मेरी फिल्म बर्लिन फिल्म फेस्टिवल में शिरकत नहीं करेगी तब तक मैं वहां नहीं जाऊंगा। मुझे यकीन नहीं हो रहा है कि वाकई ऐसा हो चुका है।”