इससे पहले चार आरोपी किए गए थे गिरफ्तार
बता दें कि गोलीबारी की इस घटना के सिलसिले में पहले चार लोगों को गिरफ्तार किया गया था। उनकी पुलिस हिरासत आज खत्म हो रही है। 3 फरवरी को, मुंबई पुलिस ने फायरिंग की घटना में इस्तेमाल किए गए स्कूटर का पता पुणे के एक आदमी से लगाया। मुंबई पुलिस सूत्रों के अनुसार, पुणे के उस शख्स ने कथित तौर पर कुछ दिन पहले गिरफ्तार आरोपियों में से एक आदित्य गायकवाड़ को 30,000 रुपये में स्कूटर बेचा था। उसने गायकवाड़ के सादे कागज पर दस्तखत भी लिए थे। गायकवाड़ ने एक और गिरफ्तार व्यक्ति समर्थ पोमाजी के साथ मिलकर स्कूटर को मुंबई के जुहू इलाके में पहले से तय जगह पर छोड़ दिया था।
मुख्य आरोपी अब भी फरार
आरोप है कि ये लोग शुभम लोनकर से सीधे निर्देश ले रहे थे। पुलिस सूत्रों ने बताया कि गाड़ी खरीदने से लेकर उसे मुंबई लाने तक आरोपी शूटर की पहचान से अनजान थे। उन्होंने बताया कि शुभम लोनकर ने ही शूटर को तय जगह से स्कूटर लेने और फायरिंग करने का निर्देश दिया था। सूत्रों ने बताया कि पिछले अपराधों में भी इसी तरह का तरीका अपनाया गया था, जिसमें एक ही अपराध के लिए कई छोटे-छोटे ग्रुप का इस्तेमाल किया गया था। इस बीच, जिस व्यक्ति ने कथित तौर पर रोहित शेट्टी के घर पर फायरिंग की थी, वह अभी भी फरार है। आगे की जांच जारी है।