इस शुक्रवार को रिलीज हो रही फिल्म 'रोमियो अकबर वॉल्टर' में बंगाल के जादू के नाम से मशहूर मौनी रॉय का काम चंद मिनटों का है। जिन लोगों ने ये फिल्म देख ली है, वह फिल्म में उनके और जॉन के रोमांटिक ट्रैक को ही फिल्म की कमजोर कड़ी मान रहे हैं।
अक्षय कुमार की औसत कामयाबी पाने वाली फिल्म 'गोल्ड' से हिंदी सिनेमा में कदम रखने वाली मौनी रॉय बेहतरीन अदाकारा हैं लेकिन सिनेमा में उनको आइटम गर्ल के तमगे से बाहर आने में बहुत दिक्कतें हो रही हैं। रणबीर कपूर और आलिया की फिल्म 'ब्रह्मास्त्र' में वह वैम्प बनी हैं और इस फिल्म को लेकर वह काफी उत्साहित भी हैं, पर उनकी एक और फिल्म 'मुगल' अटक चुकी है। इसे पहले आमिर खान बनाने वाले थे लेकिन उनके 'लाल सिंह चड्ढा' में व्यस्त हो जाने के बाद इसका हाल फिलहाल शुरू हो पाना मुश्किल दिखता है। 'मेड इन चाइना' की रिलीज डेट को लेकर भी कुछ भी कंफर्म नहीं हो पा रहा है।
13 साल पहले एकता कपूर के सीरियल क्योंकि 'सास भी कभी बहू थी' में कृष्णा तुलसी का रूप धरने वाले मौनी रॉय ने अपने करियर में अदाकारी का लंबा सफर तय किया है। 'देवों के देव महादेव' ने उनकी शोहरत को खूब बढ़ाया और बाद में एकता कपूर के ही सीरियल 'नागिन' से वह टेलीविजन की सबसे ज्यादा फीस पाने वाली एक्टर बन गईं। हालांकि फिल्मों में उनको अच्छा काम अब भी नहीं मिल पा रहा है।