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‘भावनाएं भड़क सकती हैं’, ‘द केरल स्टोरी 2’ को सर्टिफिकेट जारी करने पर केरल हाईकोर्ट ने सीबीएफसी से पूछा सवाल

Tue, 24 Feb 2026 01:26 PM IST
आराध्य त्रिपाठी एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला

सार

The Kerala Story 2 Row:  ‘द केरल स्टोरी 2’ को लेकर जारी विवाद अब कोर्ट तक पहुंच गया है। आज केरल हाईकोर्ट ने मामले में सुनवाई करते हुए सेंसर बोर्ड से सवाल किया है। जानिए केरल हाईकोर्ट ने क्या सवाल पूछा…
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द केरल स्टोरी 2 विवाद - फोटो : इंस्टाग्राम-@sunshinepictures
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विस्तार
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फिल्म ‘द केरल स्टोरी 2’ रिलीज से पहले ही विवादों में फंसी है। आज केरल हाईकोर्ट में फिल्म की रिलीज पर रोक लगाने और इसके प्रमाणिकता को रद्द करने की मांग वाली याचिका पर सुनवाई हुई। जहां कोर्ट ने फिल्म को दिए गए सर्टिफिकेट पर सेंसर बोर्ड (सीबीएफसी) से सवाल किया। फिल्म को लेकर सांप्रदायिक तनाव बढ़ने की बात कही गई है।

सीबीएफसी से किया ये सवाल

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न्यायमूर्ति बेचू कुरियन थॉमस ने आज तीन याचिकाओं पर सुनवाई की। न्यायमूर्ति थॉमस ने जोर दिया कि जब फिल्म केरल जैसे धर्मनिरपेक्ष राज्य को सांप्रदायिक नजरिए से दिखाती है, तो सीबीएफसी की भूमिका महत्वपूर्ण हो जाती है।

उन्होंने कहा, ‘केरल इतना धर्मनिरपेक्ष है। यहां पूर्ण सद्भाव है, लेकिन क्या आपने इस बात पर विचार किया है जब किसी घटना को पूरे राज्य में घटित होते हुए दिखाया जाता है? इससे गलत संकेत मिलते हैं और यहां तक कि भावनाएं भी भड़क सकती हैं, और यहीं पर सेंसर बोर्ड की भूमिका सामने आती है।
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चूंकि फिल्म सच्ची घटनाओं पर आधारित होने का दावा करती है, इसलिए याचिकाकर्ताओं द्वारा गलत चित्रण और सांप्रदायिक तनाव भड़काने के संबंध में उठाई गई चिंताएं उचित प्रतीत होती हैं।’

फिल्म के नाम में केरल का प्रयोग है, इसे नजरअंदाज नहीं कर सकते
न्यायमूर्ति थॉमस ने मौखिक रूप से टिप्पणी करते हुए कहा, केवल फिल्म का नाम केरल होने के कारण केरल के लोगों की आशंकाओं को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। सामान्यतः मैं किसी फिल्म में हस्तक्षेप नहीं करता क्योंकि वह कला की रचना है, लेकिन आप कहते हैं कि यह सच्ची घटनाओं से प्रेरित है और इसका नाम केरल रखा है, जिससे सांप्रदायिक तनाव पैदा हो सकता है।

देखिए, क्रिएटिव स्वतंत्रता है, लेकिन सीबीएफसी द्वारा निर्धारित कुछ शर्तों का पालन करना आवश्यक है। प्रश्न यह है कि क्या आप इससे अवगत हैं? अनुमान को फिल्म द्वारा ही बदला जा सकता है, लेकिन यह केवल एक रचना नहीं है, आप कहते हैं कि यह सच्ची घटनाओं से प्रेरित है। इसका बहुत महत्व है।

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'द केरल स्टोरी 2: गोज बियॉन्ड' - फोटो : इंस्टाग्राम
अदालत के फैसले तक टीजर हटाने पर सहमत मेकर्स
फिल्म निर्माताओं का प्रतिनिधित्व कर रहे अधिवक्ता एस श्रीकुमार ने अदालत के फैसले तक अब तक जारी किए गए टीजर हटाने पर सहमति जताई। उन्होंने यह भी कहा कि एक स्क्रीनिंग का आयोजन किया जा सकता है, ताकि न्यायमूर्ति कुरियन मामले पर फैसला सुनाने से पहले फिल्म देख सकें।
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