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पायल कपाड़िया ने रचा इतिहास, कान फिल्म फेस्टिवल 2026 में मिली यह बड़ी जिम्मेदारी; ऐसा करने वाली पहली भारतीय

Wed, 22 Apr 2026 10:19 PM IST
Aradhya Tripathi एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला

सार

Payal Kapadia: भारतीय फिल्ममेकर पायल कपाड़िया के नाम एक और उपलब्धि जुड़ गई है। वो ऐसा करने वाली पहली भारतीय बन गई हैं। जानिए पायल को कान फिल्म फेस्टिवल में मिली क्या बड़ी जिम्मेदारी…
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पायल कपाड़िया - फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
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भारत के लिए एक गर्व का क्षण सामने आया है। भारतीय फिल्म निर्माता पायल कपाड़िया को 65वें कान फिल्म फेस्टिवल में एक बड़ी जिम्मेदारी मिली है। वो कान फिल्म फेस्टिवल में क्रिटिक्स वीक की जूरी की अध्यक्ष होंगी। ऐसा करने वाली वो पहली भारतीय हैं।

कान में क्रिटिक्स वीक की जूरी की अध्यक्ष होंगी पायल

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पिछले साल अपनी फिल्म 'ऑल वी इमेजिन एज लाइट' के लिए प्रतिष्ठित 'ग्रैंड प्रिक्स' जीतकर इतिहास रचने वाली पायल अब इस कान के वैश्विक मंच पर जूरी का नेतृत्व करेंगी। ये सम्मान पाने वाली वो पहली भारतीय फिल्म निर्माता हैं। हॉलीवुड रिपोर्टर के मुताबिक, उनके साथ इस वैश्विक जूरी में कनाडाई अभिनेता थिओडोर पेलरीन, गायक-गीतकार ओक्लू, निर्माता अमा अम्पाडू और बैंकॉक वर्ल्ड फिल्म फेस्टिवल के निदेशक डॉनसरन कोविटवानिचा भी शामिल होंगे। विभिन्न देशों के एक्सपर्ट्स से सजी ये जूरी दुनियाभर की बेहतरीन उभरते टेलेंट्स का चयन करेगी। क्रिटिक्स वीक का आयोजन कान में 13 से 21 मई तक किया जाएगा।

पायल कपाड़िया - फोटो : सोशल मीडिया

क्रिटिक्स वीक ने की पायल की तारीफ
पायल कपाड़िया के विजन की कान क्रिटिक्स वीक ने जमकर सराहना भी की। क्रिटिक्स वीक ने एक बयान में कहा कि पायल कपाडिया ने छह शॉर्ट और फीचर फिल्मों के जरिए से ऐसी फिल्में बनाई हैं, जिनमें कविता उनके देश के प्रति उनके अडिग राजनीतिक दृष्टिकोण के साथ विरोधाभास पैदा करती है। यह द्वंद्व उनके सिनेमा की सबसे बड़ी ताकत है। एक ऐसा ब्रह्मांड जो लोक कथाओं को व्यक्त करने और इनविजिबल लाइफ, क्लास स्ट्रगल और महिलाओं के जीवन की सच्चाई को सामने लाने के लिए सभी रूपों को समाहित करता है।

पायल कपाड़िया ने जताई खुशी
वैरायटी के मुताबिक, जज की भूमिका निभाने के बारे में बात करते हुए पायल ने कहा कि फिल्म फेस्टिवल में फिल्मों के चयन के कारण एक फिल्म निर्माता के रूप में मेरी अपनी यात्रा को शुरुआती दौर में ही समर्थन मिला। इनके माध्यम से मुझे दुनिया भर के अपने जैसे लोगों से मिलने का अवसर मिला, जिससे मुझे भविष्य के सहयोगियों का एक समुदाय बनाने में मदद मिली। पहली फिल्में नाजुक भी होती हैं और क्रिटिक्स वीक जैसे सेक्शन में उनका पोषण करने से उन्हें पहले से स्थापित फिल्म निर्माताओं के काम के बीच फलने-फूलने में मदद मिलती है।

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पायल कपाड़िया की फिल्म - फोटो : सोशल मीडिया
कई बार कान फिल्म फेस्टिवल में पहुंच चुकी हैं पायल कपाड़िया की फिल्में
पायल कपाड़िया की शॉर्ट फिल्में 'आफ्टरनून क्लाउड्स' और 'एंड व्हाट इज द समर सेइंग' को सिनेफॉन्डेशन और बर्लिनाले में चुना गया था। इससे पहले उनकी पहली फीचर डॉक्यूमेंट्री 'ए नाइट ऑफ नोइंग नथिंग' 2021 में कान फिल्म फेस्टिवल में प्रदर्शित हुई थी। इसे बेस्ट डॉक्यूमेंट्री के लिए ल'ओइल डी'ओर पुरस्कार भी मिला। उनकी दूसरी फीचर फिल्म 'ऑल वी इमेजिन एज लाइट' को 2024 के कान फिल्म फेस्टिवल में काफी तारीफ मिली थी।

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