शास्त्रीय संगीतकार उस्ताद गुलाम मुस्तफा खान का 89 साल की उम्र में निधन हो गया है। वे रामपुर सहसवान घराने से ताल्लुक रखते थे। संगीत में उनके योगदान के लिए उन्हें पद्म श्री, पद्म भूषण और पद्म विभूषण अवॉर्ड से सम्मानित किया गया था। उस्ताद गुलाम मुस्तफा खान ने बॉलीवुड के कई बड़े गायकों को संगीत की शिक्षा दी। लता मंगेशकर के अलावा उन्होंने एआर रहमान, सोनू निगम, हरिहरन, आशा भोंसले, गीता दत्त, मन्ना डे और शान को संगीत सिखाया।
उस्ताद गुलाम मुस्तफा खान के निधन पर लता मंगेशकर ने दुख जताया है। उन्होंने ट्वीट कर लिखा, मुझे अभी ये दुखद खबर मिली है कि महान शास्त्रीय गायक उस्ताद गुलाम मुस्तफा खान साहब इस दुनिया में नहीं रहे। ये सुनकर मुझे बहुत दुख हुआ। वो गायक तो अच्छे थे ही पर इंसान भी बहुत अच्छे थे।' प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी उनके निधन पर शोक जताया।
उन्होंने आगे लिखा,'मेरी भांजी ने भी खान साहब से संगीत सीखा है, मैंने भी उनसे थोड़ा संगीत सीखा था। उनके जाने से संगीत की बहुत हानि हुई है। मैं उनको विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित करती हूं।'
मोदी ने गुलाम मुस्तफा खान के निधन पर दुख जताया
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी महान भारतीय शास्त्रीय संगीतकार और पद्म विभूषण से सम्मानित उस्ताद गुलाम मुस्तफा खान के निधन पर दुख जताया और कहा कि उनके निधन से सांस्कृतिक दुनिया को एक बड़ी क्षति हुई है। मोदी ने एक ट्वीट में कहा, ‘उस्ताद गुलाम मुस्तफा खान साहब के निधन से हमारी सांस्कृतिक दुनिया को एक बड़ी क्षति पहुंची है। वह संगीत क्षेत्र की अग्रणी हस्ती थे, रचनात्मकता के दिग्गज थे जिनकी रचनाओं ने उन्हें कई पीढ़ियों तक पहुंचाया। उनके साथ संवाद की मेरी खूबसूरत यादें हैं। उनके परिवार और प्रशंसकों के प्रति संवेदना।’
एआर रहमान ने दुख जताते हुए लिखा, 'सभी कs सबसे प्यारा शिक्षक .. गफ़ूर-उर-रहीम आपको उस दुनिया में एक विशेष स्थान दें।