फिल्म 'मैं वापस आऊंगा में' शरवरी और वेदांग रैना
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इस वजह से नए कलाकारों पर किया भरोसा
बॉक्स ऑफिस के अनिश्चित दौर में नए चेहरों के साथ इतने बड़े पैमाने पर फिल्म बनाने का भरोसा करने पर इम्तियाज ने कहा कि मुझे कलाकारों के अभिनय पर पूरा भरोसा है। मैं फिल्म इंडस्ट्री के बिजनेस वाले बैकग्राउंड से नहीं, बल्कि फिल्म मेकिंग की कला से जुड़ा इंसान हूं।
मैं सिनेमा और अभिनय की ताकत को समझता हूं, साथ ही अच्छी कास्टिंग के महत्व को भी जानता हूं। जब ये सभी चीजें एक साथ आती हैं, तो एक खास तरह की ताकत पैदा होती है। मुझे कोई शक नहीं था कि ये दोनों कलाकार इस कहानी को बखूबी निभा पाएंगे, लेकिन मुझे यह भी पता था कि पोस्टर पर दिलजीत भी होंगे।
दुनिया में हर कोई उन्हें जानता है और यह देखने में दिलचस्पी रखता है कि वो क्या कर रहे हैं। मुझे यकीन था कि पोस्टर को लोगों का अच्छा रिस्पॉन्स मिलेगा क्योंकि उसमें दिलजीत शामिल हैं।
आज के युवा को प्यार की सबसे ज्यादा जरूरत
देश के बंटवारे का शिकार बने लोगों की कहानी और दर्द को लेकर निर्देशक ने कहा कि जब मैंने उनकी कहानियां सुनीं कि उन्होंने क्या देखा था और 78 साल बाद भी उन्हें क्या-क्या याद है, तो मुझे ऐसी बातों का पता चला जिनकी मैंने उम्मीद नहीं की थी। मेरे मन में कई नई बातें खुलीं क्योंकि मुझे एहसास हुआ कि कोई भी प्रेम कहानी शून्य में नहीं पनप सकती।
यह असल दुनिया में होती है और कीनू और जिया की प्रेम कहानी के लिए बंटवारे के दौर की असल दुनिया का बैकग्राउंड ज़रूरी है। मुझे लगता है कि युवा पीढ़ी को ही प्यार की सबसे ज्यादा जरूरत है। वे सबसे ज्यादा भटके हुए हैं और फिर भी प्यार की तलाश में हैं।
अगर उन्हें अतीत जैसा प्यार भरा रिश्ता मिल सकता, तो वे जरूर उसे अपनाते। उस तरह के कमिटमेंट की कल्पना करना उनके लिए बहुत आकर्षक है। यह पीढ़ी बहुत संवेदनशील और रोमांटिक है। लेकिन इस पीढ़ी को गलत समझा गया है और गलत तरीके से पेश किया गया है। उनकी जिंदगी पिछली पीढ़ियों से अलग है, लेकिन वे और ज्यादा की तलाश में हैं।