अभिनय की दुनिया से दुखद खबर सामने आ रही है। फिल्मों और लघु फिल्मों के निर्देशक के.पी. शशि का रविवार को निधन हो गया। उन्होंने एक निजी अस्पताल में अंतिम सांस ली। के.पी. शशि की आयु 64 वर्ष थी। केरल के फिल्म कर्मचारी महासंघ ने अपने फेसबुक पेज से निर्देशक को श्रद्धांजलि दी है। संघ ने पोस्ट में जिक्र किया कि अस्पताल में इलाज के दौरान के.पी. शशि का निधन हो गया। जानकारी के मुताबिक, उनका अंतिम संस्कार सोमवार 26 दिसंबर को किया जाएगा।
के.पी शशि एक कार्टूनिस्ट होने के साथ ही बेहतरीन निर्देशक भी थे। उन्होंने केरल के डॉक्यूमेंट्री फील्ड में महत्वपूर्ण योगदान दिया था। उन्होंने अपनी डॉक्यूमेंट्री के माध्यम से कई सामाजिक मुद्दों को सबके सामने लाने का काम भी किया। उनकी डॉक्यूमेंट्री में लिविंग इन फीयर, डेवलपमेंट एट गन प्वाइंट और फेब्रिकेटेड शामिल हैं।
के.पी. शशि ने 1970 के दशक में जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय में अध्ययन करने के दौरान ही अपने आर्टिस्ट करियर की शुरुआत कर दी थी। शुरुआत उन्होंने कार्टूनिस्ट के तौर पर की थी और फिर धीरे-धीरे उन्होंने डॉक्यूमेंट्री और फिल्मों की ओर रुख किया। निर्देशक होने के साथ ही के.पी. शशि एक मानवाधिकार कार्यकर्ता भी रहे और केरल के अंदर व बाहर विभिन्न मानवाधिकार गतिविधियों में शामिल रहे।