गायक: मास्टर यजत गर्ग और अमिताभ बच्चन
गीतकार: पुनीत शर्मा। संगीतकार: पुनीत शर्मा
निर्देशक – शूजीत सरकार
म्यूजिक लेबल – जी म्यूजिक
‘मेरी रोटी की गोलाई मां, मेरे सच की सब सच्चाई मां...’, मां को याद करने के लिए वैसे तो भारतीय संस्कृति में कोई खास दिन नहीं होता क्योंकि अब भी देश के लाखों बच्चे सुबह उठकर माता-पिता को प्रणाम करने की परंपरा भूले नहीं है, लेकिन फिर भी नए इंडिया में हैपी मदर्स डे तो बोलना ही होता है। मई के दूसरे रविवार को मनाए जाने वाले इस मदर्स डे की पूर्व संध्या पर सदी के महानायक अमिताभ बच्चन भी अपनी मां की स्वेटर की बुनाई याद कर भावुक हो चले हैं।
पुनीत शर्मा ने इस गाने की लाइनें बहुत ही सहज और सरल तरीके से लिखी हैं और शब्दों की ये सहजता ही है जो सीधे आपके दिल को छू जाती है। इस गाने को सुनते आपको सिर्फ अपनी ही नहीं, अपने दोस्तों की, अपने रिश्तेदारों की और अपने आसपास की सारी माएं याद आएंगी। वे भी जो अब आंखों के सामने नहीं हैं, और वे भी जिन्हें याद करने भर से आंखें नम हो जाती हैं।
रोनी लाहिरी इन दिनों ऊधम सिंह की बायोपिक बना रहे हैं। इसे निर्देशित शूजीत सरकार कर रहे हैं। दोनों ने मिलकर ही मां की याद में ये रुला देने वाला गाना बनाया है और इसका वीडियो और भी भाव विह्वल कर देने वाला है। गाना शुरू होता है बाल गायक यजत गर्ग की आवाज में और बच्चे की इस आवाज का गीत में बुजुर्ग अमिताभ बच्चन के रुंधे से सुरों से संगम होता है। उनकी आवाज में ‘डर लगता है जब रोती है मां..’ सुनना भर आंखों को नम कर देता है। गाना तेजी बच्चन की तस्वीर पर रुकता है और हर आंख में मां का एक अक्स छोड़ने में कामयाब रहता है।