स्ट्रगलिंग मॉडल और एक्ट्रेस कृतिका चौधरी की मौत सिनेमा जगत की अंधेरी दुनिया का सच एक बार फिर सामने ले आई है। चार दिन तक कृतिका चौधरी की लाश कमरे में ही सड़ती रही और पड़ोसी अपनी दुनिया में मस्त रहे। चार दिन बाद कुछ लोगों ने जब नोटिस किया तब जाकर मौत का पता चला।
यह पहली बार नहीं जब चमकते पर्दे के पीछे की संवेदनहीन और काली दुनिया उजागर हुई हो। इससे पहले परवीन बॉबी की मौत ने भी फिल्मी दुनिया में संवेदनहीन हो चुके संबंधों और रियलिटी से नाता तोड़ चुके लोगों का सच उजागर किया था।
परवीन बॉबी की मौत जनवरी 2005 में हुई थी। कहा जाता है कि वह बेहद गंभीर मानसिक बीमारी से जूझ रहीं थीं। घर के भीतर उनकी मौत हो गई। और उनके पड़ोसी अपनी जिंदगी में मस्त रहे। जब घर के बाहर दूध और न्यूजपेपर का ढेर लग गया तब जाकर लोगों की नजर उनके घर पर पड़ी।