फिल्म के बारे में
फिल्म 'बाइसन: कालामादान' की बात करें, तो ये कित्तन की कहानी है, जो हमेशा से राष्ट्रीय स्तर का कबड्डी खिलाड़ी बनने का सपना देखता है। हालांकि, गांव में जातिगत उत्पीड़न के कारण, उसे कई चुनौतियों का सामना करना पड़ता है। पांडियाराजा (अमीर) और कंथासामी (लाल) के नेतृत्व में दो विरोधी गुट पूरे समुदाय में हिंसा को बढ़ावा देते हैं। 'बाइसन' शक्ति और प्रतिरोध का प्रतीक है, जिसे सेल्वराज द्वारा निर्देशित किया गया है।