'बिग बॉस कन्नड़ सीजन 12'
- फोटो : सोशल मीडिया
प्रतिभागियों ने छोड़ा परिसर
पर्यावरण नियमों का उल्लंघन पाए जाने के बाद 'बिग बॉस कन्नड़ सीजन 12' के घर को अधिकारियों ने सील कर दिया है। बता दें कि यह स्टूडियो बेंगलुरु दक्षिण जिले के बिदाड़ी इलाके में स्थित है, जहां कई वर्षों से शो की शूटिंग की जा रही थी। सेट को सील किए जाने के बाद घर के अंदर मौजूद सभी प्रतियोगियों को परिसर छोड़ना पड़ा।
कहां गए प्रतिभागी?
'बिग बॉस कन्नड़ 12' के सभी प्रतिभागी अब घर से बाहर निकल चुके हैं। तहसीलदार तेजस्विनी खुद आगे खड़ी होकर कंटेस्टेंट्स को बाहर लेकर आईं। सभी प्रतिभागियों को कार से ईगलटन रिजॉर्ट ले जाया गया है। जिस सेट में बिग बॉस कन्नड़ 12 चल रहा था, वह पूरी तरह खाली किया गया है।
कब तक नहीं होगा फिल्मांकन?
बता दें कि 'बिग बॉस कन्नड़ 12' लोकप्रिय रियलिटी शो है, जिसे बड़ी संख्या में दर्शक देखते हैं। इस शो को सुपरस्टार किच्चा सुदीप होस्ट करते हैं। हालांकि, सेट सील किए जाने के बाद शो की सभी गतिविधियों को स्थगित करना होगा, जब तक कि पर्यावरण मानकों का पालन करने के लिए साइट पर काम नहीं हो जाता। 'बिग बॉस कन्नड़ 12' शो का भविष्य अब स्टूडियो की पर्यावरण कानूनों का पालन करने की क्षमता पर निर्भर है। जब तक निर्देशानुसार सभी जरूरतें पूरी नहीं हो जातीं, तब तक 'बिग बॉस कन्नड़ 12' के घर में फिल्मांकन और संबंधित गतिविधियां निलंबित रहेंगी।
'बिग बॉस कन्नड़ सीजन 12'
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करोड़ों की लागत में बना है सेट
बता दें कि अधिकारियों ने रामनगर तहसीलदार तेजस्विनी की मौजूदगी में सेट पर ताला लगाया। बिग बॉस के घर में 17 प्रतिभागी हैं और सैकड़ों तकनीशियन इस रियलिटी शो के लिए काम कर रहे हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक बिग बॉस का घर पांच करोड़ से ज्यादा की लागत से बना था। अब इसे खाली कर दिया गया है।
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पर्यावरण कानूनों के उल्लंघन का मामला
केएसपीसीबी की ओर से जारी नोटिस के मुताबिक, ‘वेल्स स्टूडियोज एंड एंटरटेनमेंट प्राइवेट लिमिटेड नाम की कंपनी ने बिना जरूरी अनुमति के बड़े पैमाने पर एंटरटेनमेंट और स्टूडियो संचालन शुरू कर रखा था। बोर्ड ने स्पष्ट किया कि स्टूडियो ने वाटर (प्रिवेंशन एंड कंट्रोल ऑफ पॉल्यूशन) एक्ट, 1974 और एयर (प्रिवेंशन एंड कंट्रोल ऑफ पॉल्यूशन) एक्ट, 1981 के तहत आवश्यक मंजूरी नहीं ली थी।