तिहाड़ जेल में बंद है गैंगस्टर
महाराष्ट्र के पूर्व मंत्री सिद्दीकी (66) की 12 अक्टूबर 2024 की रात मुंबई के बांद्रा ईस्ट इलाके में उनके बेटे जीशान के ऑफिस के बाहर तीन हमलावरों ने गोली मारकर हत्या कर दी थी। जेल में बंद गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के छोटे भाई अनमोल को पिछले साल नवंबर में अमेरिका से डिपोर्ट किया गया था। इसके बाद नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (NIA) ने उसे गिरफ्तार किया था। वह अभी नई दिल्ली की तिहाड़ जेल में बंद है।
बेटी शहजीन जियाउद्दीन सिद्दीकी ने दायर की याचिका
बाबा सिद्दीकी की बेटी शहजीन जियाउद्दीन सिद्दीकी की तरफ से दायर याचिका में आरोप लगाया गया है कि पुलिस 'बाहरी दबाव' के कारण अनमोल बिश्नोई को कस्टडी में लेने से बच रही है। आगे कहा गया है कि दखल देने वाले पक्ष (सिद्दीकी परिवार) को भरोसा है कि अनमोल बिश्नोई से पूछताछ करने पर उन लोगों के नाम सामने आएंगे, जिनके कहने पर उसने सह-आरोपियों के साथ मिलकर हत्या की साजिश रची थी।
याचिका में क्या लगाए आरोप?
वकील प्रदीप घरात और त्रिवनकुमार करनानी के जरिए दायर याचिका बाबा सिद्दीकी के परिवार की तरफ से कहा गया, 'बाहरी दबाव की वजह से वे बिश्नोई को कस्टडी में लेने से बच रहे हैं, जिसके तहत वे उन लोगों के नाम सामने नहीं आने देना चाहते। परिवार ने इस बात पर जोर दिया कि अनमोल बिश्नोई को अभी कोर्ट के सामने न लाने से, जबकि 27 दूसरे आरोपियों के खिलाफ पहले ही चार्ज फ्रेम हो चुके हैं, ट्रायल प्रोसेस में दोहराव होगा और कोर्ट का समय और सरकारी रिसोर्स बर्बाद होंगे। याचिका में कहा गया है कि DCB-CID (जो केस की जांच कर रही है) को बिना किसी और देरी के इस केस में अनमोल बिश्नोई की कस्टडी लेने के लिए तुरंत कदम उठाने के लिए कहा जाना चाहिए।
कब होगी अगली सुनवाई?
इस मामले की सुनवाई कर रही स्पेशल मकोका कोर्ट ने अभियोजन पक्ष से जवाब मांगा है। मामले की अगली सुनवाई 10 जुलाई को होगी। कुल 27 लोगों पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) के तहत हत्या और महाराष्ट्र संगठित अपराध नियंत्रण अधिनियम (MCOCA) की संबंधित धाराओं के तहत आरोप लगाए गए हैं। अनमोल बिश्नोई और दो अन्य लोग इस मामले में वॉन्टेड आरोपी हैं। अनमोल बिश्नोई अभिनेता सलमान खान के बांद्रा स्थित घर के बाहर हुई फायरिंग के मामले में भी वॉन्टेड है।