फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Preity Zinta: मॉर्फ्ड कंटेंट-AI डीपफेक के खिलाफ प्रीति जिंटा ने किया अदालत का रुख; याचिका दायर कर की ये मांग

Fri, 03 Jul 2026 10:42 PM IST
ज्योति राघव एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला

सार

Preity Zinta Moves High Court: अभिनेत्री प्रीति जिंटा ने अपनी एआई से बनीं डीपफेक तस्वीरों और मॉर्फ्ड कंटेंट के खिलाफ अदालत का रुख किया है। उन्होंने याचिका दायर कर इस किस्म के कंटेंट पर तुरंत रोक लगाने की मांग की है।
विज्ञापन
प्रीति जिंटा - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

तकनीक और एआई के जहां कई फायदे हैं, वहीं इसके नुकसान भी हैं। सबसे बड़ा नुकसान यह निकलकर आया है कि एआई के जरिए फेक तस्वीरें, वीडियो या अन्य मॉर्फ्ड कंटेंट बनाना बहुत आसान हुआ है और इसके जरिए किसी की छवि खराब करने की कोशिश की जा सकती है। इस खतरे को भांपते हुए बीते कुछ दिनों में कई सितारों ने अपने व्यक्तित्व अधिकारों की सुरक्षा के लिए खुद से जुड़े किसी भी एआई निर्मित कंटेंट पर बिना अनुमति के रोक लगाने की मांग की है। इस कड़ी में अब प्रीति जिंटा का नाम भी जुड़ गया है। 

विज्ञापन
विज्ञापन

प्रीति ने क्यों किया अदालत का रुख?
समाचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक, अभिनेत्री प्रीति जिंटा ने बॉम्बे हाई कोर्ट में याचिका दायर कर कई सोशल मीडिया और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर अपनी एआई (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) से बनी डीपफेक इमेज और मॉर्फ्ड कंटेंट हटाने की मांग की है। अभिनेत्री ने अदालत से यह मांग भी की है कि उनसे जुड़े किसी भी कंटेंट को उनकी बिना अनुमति के पोस्ट करने पर रोक लगाई जाए। हर उस कंटेंट पर, जिसमें वह दिख रही हों और इसकी इजाजत उन्होंने न दी है।

अगली सुनवाई कब?
जस्टिस माधव जामदार की सिंगल बेंच ने शुक्रवार को मामले में छोटी दलीलें सुनने के बाद, ऑनलाइन प्लेटफॉर्म समेत सभी पार्टियों से कहा कि वे वेबसाइटों से आपत्तिजनक कंटेंट हटाने का एक तरीका निकालें। कोर्ट ने मामले की अगली सुनवाई 6 जुलाई को तय की है। अपने केस में प्रीति जिंटा ने AI से बने डीपफेक और मॉर्फ्ड विजुअल्स के जरिए उन्हें दिखाने वाले वीडियो, इमेज और चैटबॉट-स्टाइल इंटरैक्शन का जिक्र किया है। 

प्रीति जिंटा ने क्या कहा?
उन्होंने हाई कोर्ट से तुरंत आदेश देने की मांग की है कि ऐसी साइट्स इस तरह के कंटेंट को तुरंत हटा दें और साथ ही ऐसी संस्थाओं को उनके बारे में अनधिकृत कंटेंट पोस्ट करने से रोकने के लिए रोक का आदेश भी जारी किया जाए। बता दें कि डीपफेक के जरिए किसी तस्वीर, ऑडियो या वीडियो रिकॉर्डिंग को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का इस्तेमाल करके बनाया जाता है, ताकि किसी व्यक्ति की शक्ल या आवाज को असल लगने वाले तरीके से बदला या रिप्लेस किया जा सके। प्रीति जिंटा के वर्क फ्रंट की बात करें तो उन्हें सनी देओल के साथ फिल्म 'बंटवारा 1947' में देखा जाएगा।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें