झारखंड विधानसभा चुनाव चरण 1
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झारखंड में बुधवार (13 नवंबर) को पहले चरण का चुनाव है। पहले दौर में 15 जिलों की 43 सीटों पर मतदान कराया जाएगा। 43 में से 17 सीटें सामान्य, 20 अनुसूचित जनजाति और 6 सीटें अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित हैं। पहले चरण में कुल 683 उम्मीदवार अपनी किस्मत आजमा रहे हैं। पहले दौर में 73 (11%) महिला उम्मीदवार भी हैं।
आइये जानते हैं झारखंड में पहले चरण के चुनाव की बड़ी बातें क्या हैं?
पहले जान लेते हैं चुनाव कार्यक्रम क्या है?
झारखंड में दो चरण में विधानसभा चुनाव होंगे। पहले चरण के लिए 18 अक्तूबर को जारी हुई थी जबकि नामांकन की आखिरी तारीख 25 अक्तूबर रही। उम्मीदवारी वापस लेने की आखिरी तारीख 30 अक्तूबर थी। पहले चरण में 43 विधानसभा सीटों पर 13 नवंबर को सुबह 7 बजे से शाम 5 बजे तक मतदान होगा। हालांकि, 950 बूथों पर मतदान का समय शाम 4 बजे खत्म हो जाएगा, हालांकि उस समय कतार में खड़े लोग वोट कर सकेंगे।
वहीं, राज्य में दूसरे चरण का मतदान 20 नवंबर को कराया जाएगा। झारखंड विधानसभा चुनाव के नतीजे महाराष्ट्र के साथ ही 23 नवंबर को घोषित किए जाएंगे।
पहले चरण में कितने मतदाता हैं?
कुल 2.60 करोड़ मतदाताओं में से 1.37 करोड़ मतदाता 13 नवंबर को होने वाले मतदान में भाग लेने के पात्र हैं। इनमें से 18 से 30 साल की आयु के बीच 41.88 लाख मतदाता हैं। इस चरण में 100 साल से अधिक आयु के 995 मतदाता भी भाग ले सकेंगे।
कितने मतदान केंद्र हैं?
चुनाव आयोग ने पहले दौर की 43 विधानसभा सीटों पर कुल 15,344 मतदान केंद्र बनाए हैं। इनमें से 12,716 बूथ ग्रामीण इलाकों में और 2,628 शहरी इलाकों में हैं। मतदान को शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराने के लिए संबंधित क्षेत्रों में सुरक्षा बलों की 200 से अधिक कंपनियां तैनात की गई हैं। मतदाताओं की भागीदारी बढ़ाने के लिए चुनाव आयोग ने कुछ विशेष कदम उठाए हैं। 1,152 मतदान केन्द्रों पर महिलाएं मतदान प्रक्रिया की देखरेख करेंगी और 24 मतदान केन्द्रों का संचालन दिव्यांग व्यक्तियों द्वारा किया जाएगा।
उम्मीदवारों के बारे में
झारखंड के पहले चरण के चुनाव में कुल 683 उम्मीदवार उतरे हैं। मुख्य निर्वाचन अधिकारी के. रवि कुमार के अनुसार, 683 उम्मीदवारों में से 609 पुरुष, 73 महिलाएं और एक अन्य उम्मीदवार है। इससे पहले एडीआर ने झारखंड विधानसभा चुनाव के पहले चरण में चुनाव लड़ रहे 683 उम्मीदवारों में से 682 के शपथ-पत्रों का विश्लेषण किया था। हलफनामे की अस्पष्टता के कारण तोरपा (एसटी) सीट से चुनाव लड़ रहे निर्दलीय उम्मीदवार ब्रजेंद्र हेमरोम का ब्योरा शामिल नहीं किया गया था।
एडीआर की रिपोर्ट के अनुसार, 2024 में पहले चरण में उतरे 682 प्रत्याशियों में से 34 फीसदी यानी 235 प्रत्याशी करोड़पति हैं। इन सभी प्रत्याशियों के औसत धन की बात करें तो 2.16 करोड़ रुपये है। 63 प्रत्याशी ऐसे हैं जिनकी संपत्ति पांच करोड़ या इससे ज्यादा है।
| संपत्ति का मूल्य |
उम्मीदवारों की संख्या |
उम्मीदवारों का प्रतिशत |
| रु. 5 करोड़ और उससे अधिक |
63 |
9.24% |
| रु. 2 करोड़ से रु. 5 करोड़ |
78 |
11.44% |
| रु. 50 लाख से रु. 2 करोड़ |
198 |
29.03% |
| रु. 10 लाख से रु. 50 लाख |
199 |
29.18% |
| रु. 10 लाख से कम |
144 |
21.11% |
पहले चरण में प्रमुख दलों में भाजपा के 36 उम्मीदवारों में से 30 (83%) उम्मीदवार करोड़पति हैं। इसके बाद झामुमो के 23 उम्मीदवारों में से 18 (78%), कांग्रेस के 17 उम्मीदवारों में से 16 (94%), बसपा के 29 उम्मीदवारों में से 7 (24%), राजद के 5 उम्मीदवारों में से 4 (80%) और जदयू के 2 उम्मीदवारों में से 2 (100%) ने 1 उम्मीदवार करोड़पति हैं। इन सभी प्रत्याशियों ने एक करोड़ रुपये से अधिक मूल्य की संपत्ति घोषित की है।
सबसे अमीर उम्मीदवार के पास 80 करोड़ की संपत्ति
पहले चरण के सबसे अमीर प्रत्याशी सिंहभूम जिले की पोटका (एसटी) सीट से निर्दलीय कंदोमणि भूमिज हैं। भूमिज की कुल संपत्ति 80 करोड़ है। दूसरे नंबर पर पलामू के डाल्टनगंज से कांग्रेस उम्मीदवार कृष्णा नंद त्रिपाठी हैं, जिनकी संपत्ति 70.91 करोड़ रुपए है। वहीं, रांची सीट से निर्दलीय उतरे आयुष रंजन तीसरे सबसे अमीर प्रत्याशी हैं। आयुष की कुल संपत्ति 70.55 करोड़ है।
कितने पढ़े-लिखे हैं उम्मीदवार?
एडीआर ने अपनी रिपोर्ट में उम्मीदवारों की शिक्षा का विवरण भी दिया है। रिपोर्ट के अनुसार, 308 (45%) उम्मीदवारों ने अपनी शैक्षणिक योग्यता 5वीं और 12वीं कक्षा के बीच घोषित की है, जबकि 348 (51%) उम्मीदवारों ने स्नातक या उससे ऊपर की शैक्षणिक योग्यता घोषित की है। 6 उम्मीदवार डिप्लोमा धारक हैं। इसके अलावा, 18 उम्मीदवारों ने खुद को केवल साक्षर घोषित किया है और 2 उम्मीदवार निरक्षर हैं।
कितने उम्रदराज हैं उम्मीदवार?
एडीआर की रिपोर्ट में उम्मीदवारों के आयु का ब्योरा भी शामिल है। 267 (39%) उम्मीदवारों ने अपनी आयु 25 से 40 वर्ष के बीच घोषित की है, जबकि 348 (51%) उम्मीदवारों ने अपनी आयु 41 से 60 वर्ष के बीच घोषित की है। 67 (10%) उम्मीदवार ऐसे हैं जिन्होंने अपनी आयु 61 से 80 वर्ष के बीच घोषित की है।
एडीआर के अनुसार, 682 में से 174 उम्मीदवारों (26 फीसदी) पर आपराधिक मामले दर्ज हैं। वहीं 127 उम्मीदवारों (19 फीसदी) पर गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं।