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सीबीएसई पाठ्यक्रम से कई चैप्टर हटाए जाने को लेकर एचआरडी मंत्री ने कही ये बात

Thu, 09 Jul 2020 03:23 PM IST
ललित फुलारा एजुकेशन डेस्क, अमर उजाला
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रमेश पोखरियाल निशंक - फोटो : ट्विटर
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केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक का कहना है कि सीबीएसई पाठ्यक्रम से कुछ विषयों को हटाए जाने पर टिप्पणियों के जरिए झूठा नेरेटिव पेश किया जा रहा है। उन्होंने यह बात गुरुवार को कही। एचआरडी मंत्री ने कहा कि बेखबर टिप्पणियों के जरिए सीबीएसई पाठ्यक्रम में कटौती को लेकर झूठी कहानी  का चित्रण किया जा रहा है। उनका यह बयान सीबीएसई पाठ्यक्रम से राष्ट्रवाद, संघवाद और धर्मनिरपेक्षता जैसे कई चैप्टर को हटाए जाने पर हो रहे विरोध के बाद आया है। बता दें कि सीबीएसई पाठ्यक्रम में कटौती को लेकर विपक्ष ने आरोप लगाया था कि एक खास विचारधारा के प्रचार के लिए कई अध्यायों को हटाया गया है।

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एचआरडी मंत्री का कहना है कि  सीबीएसई पाठ्यक्रम से कुछ विषयों की कटौती पर कई असंगत टिप्पणियां की गई हैं। जिनका मकसद कुछ हटाए गए चैप्टरों के जरिए झूठे आख्यान को चित्रित करना और मामले को सनसनीखेज बनाना है। उन्होंने कहा कि सीबीएसई के पाठ्यक्रम में चैप्टरों की कटौती एक बार के लिए है, जो कि कोरोना वायरस की वजह से पैदा हुई स्थिति को देखते हुए की गई है। इसका मकसद विद्यार्थियों के मानसिक तनाव को कम करना है। यह कटौती विषय विशेषज्ञों व शिक्षाविदों के सुझाव के बाद की गई है। एचआरडी मंत्री ने कहा कि हमारा विनम्र निवेदन है कि शिक्षा से राजनीति को छोड़े और राजनीति को और ज्यादा शिक्षित बनाएं। गौरतलब है कि विद्यार्थियों के बोझ को कम करने के लिए सीबीएसई के नौवीं से लेकर बारहवीं कक्षा तक के सिलेबस में तीस फीसदी कटौती की गई है। जिसे लेकर पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कहा था कि वह इस बात से हैरान है कि सीबीएसई ने पाठ्यक्रम के भार को कम करने के नाम पर ‘‘नागरिकता’’, ‘संघवाद’’ जैसे विषयों को हटाने का का निर्णय किया है। हम इसका कड़ा विरोध करते हैं।

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