स्वंयसेवी संगठन सलाम बालक ट्रस्ट ने बच्चों को शिक्षा के प्रति आकर्षित करने के लिए 'चेल इंडिया' के साथ मिलकर एक नई पहल की है। इसके तहत बच्चों को सोलर लाइट बैग बांटे जा रहे हैं। इससे उन बच्चों में शिक्षा की अलख जगाने में काफी मदद मिल रही है, जो कि बिजली के अभाव में पढ़ाई से दूर जा रहे हैं। सौर ऊर्जा से चॉर्ज होने वाले ये सोलर लाइट बैग 6 से 7 घंटे तक बच्चों को रोशनी प्रदान करते है, जिससे बच्चों घर पर जाकर भी आराम से पढ़ाई कर सकते हैं।
सलाम बालक ट्रस्ट के मुताबिक, यह कदम उन्हें इसलिए उठाना पड़ा, क्योंकि उनके शिक्षा केंद्रों में पढ़ने वाले बच्चों की संख्या में अप्रत्याशित रूप से कमी आ रही थी। कक्षाओं में छात्रों की संख्या कम होने के कारण सलाम बालक ट्रस्ट और चेल इडिया के कार्यकर्ताओं ने छात्रों के घर जाकर सर्वे किया। इस दौरान उन्होंने पाया कि बच्चें इलाके में बिजली न होने कारण के कारण रात में अपना होमवर्क नहीं कर पाते थे और इसी कारण वह स्कूल में अनुपस्थित होने लगे थे। बच्चों की इस समस्या को सुलझाने के लिए 'सलाम बालक ट्रस्ट' और 'चेल इंडिया' ने एक मई पहल की। 'चेल इंडिया' ने सलाम बालक ट्रस्ट के सभी केंद्रों पर बच्चों को सोलर लाइट बैग बांटें।
इन सोलर साइट बैग से बच्चों में शिक्षा के प्रति लगाव बढ़ने लगा और सलाम बालक ट्रस्ट की कक्षाओं में बच्चों की उपस्थिति सामान्य हो गई । शिक्षा के क्षेत्र में इस सराहनीय पहल पर चेहल के चीफ क्रिएटिव ऑफिसर सागर महाबलेश्वरकर ने कहा की चेल इंडिया इस दिवाली अपनी इस कोशिश को नए रूप आगे बढ़ाएंगे।
सलाम बालक ट्रस्ट की इस नई पहल का देखें वीडियो-