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20 साल बाद IIT ने नॉन इंजीनियरिंग स्टूडेंट्स के लिए खोले दरवाजे, मिल रहा MBA करने का मौका

Tue, 27 Aug 2019 06:05 PM IST
रत्नप्रिया रत्नप्रिया एजुकेशन डेस्क, अमर उजाला
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आईआईटी में बिना इंजीनियरिंग भी एमबीए में मिलेगा दाखिला - फोटो : अमर उजाला
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अगर आपके पास इंजीनियरिंग की डिग्री नहीं है, तो भी आप इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (IIT) से मास्टर ऑफ बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन (MBA) कोर्स कर सकते हैं। स्टूडेंट्स को यह मौका 20 साल बाद मिल रहा है।

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आईआईटी रूड़की ने अपने मैनेजमेंट प्रोग्राम में नॉन इंजीनियरिंग स्टूडेंट्स के दाखिले के लिए 20 साल बाद अपने दरवाजे खोले हैं। यानी अब अलग-अलग संकायों से स्नातक करने वाले भी आईआईटी रूड़की के एमबीए प्रोग्राम में दाखिला ले सकते हैं। हालांकि ऐसा पहली बार नहीं हो रहा है।

साल 1998 में आईआईटी रूड़की के मैनेजमेंट स्टडीज विभाग ने ऐसा पहला बैच शुरू किया था। 1998-2000 बैच में कुल 57 स्टूडेंट्स थे, जिनमें से सात दूसरे देशों के थे। इस बैच में जहां 25 इंजीनियर थे, वहीं बाकी के 32 स्टूडेंट्स साइंस, मैनेजमेंट, कॉमर्स, आर्ट्स और फार्मेसी, होटल मैनेजमेंट, एग्रीकल्चर, होम साइंस जैसे संकायों से स्नातक कर के आए थे। लेकिन इस बैच के बाद संस्थान ने नॉन इंजीनियरिंग स्टूडेंट्स का दाखिला नहीं लिया।
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IIT 20 साल बाद दोबारा क्यों शुरू कर रहा है पुराना नियम

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अब करीब 20 साल बाद आईआईटी फिर से वही पुराना नियम शुरू कर रहा है। इस बारे में आईआईटी रूड़की के निदेशक अजित के. चतुर्वेदी का कहना है कि 'हमें लगता है कि आज के समय में इंडस्ट्री के लिए अलग-अलग बैकग्राउंड्स के स्टूडेंट्स को नियुक्त करना जरूरी हो गया है। ऐसे में आईआईटी रूड़की की ये कोशिश इंजीनियरिंग से अलग अन्य बैकग्राउंड के अभ्यर्थियों को शिक्षा देकर स्किल्ड कैंडिडेट की मांग पूरी करेगा।'

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इस शैक्षणिक सत्र में ऐसे चार स्टूडेंट्स ने आईआईटी रूड़की के एमबीए प्रोग्राम में दाखिला लिया है जो इंजीनियरिंग बैकग्राउंड से नहीं हैं। यह बैच की कुल संख्या का 10 फीसदी है। यह सत्र जुलाई में शुरू हुआ है। 

एक वरिष्ठ शिक्षक ने इस बारे में कहा कि हमारा अगला लक्ष्य छात्रों व छात्राओं के अनुपात को बेहतर करना है।

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