केंद्र सरकार ने विदेशों में बसे भारतीय और विदेशी शिक्षकों को भारत से जोड़ने के लिए डिस्टिंगग्विश्ट अकेडमिशन रिटर्न योजना भी तैयार की है। शैक्षणिक सत्र 2020-21 और 2023-24 सत्र के लिए तैयार योजना में दुनियाभर के उच्च शिक्षण संस्थानों में सेवाएं दे रही फैकल्टी, साइंटिस्ट को भारतीय उच्च शिक्षण संस्थानों व विश्वविद्यालयों से जोड़ना है।
इसके तहत ड्यूल अपॉइन्ट्मेंट दिया जाएगा। इसमें चयनित फैकल्टी या साइंटिस्ट को साल में तीन महीने भारत में सेवाएं देनी होगी। जबकि अन्य नौ महीने में वे अपने पूर्व के विदेशी संस्थान में काम कर सकेंगे। इसमें मुख्य रूप से शोध व अनुसंधान पर काम होगा।