ब्रिटेन के छात्रों को उनके अध्ययन के दौरान भारत भेजने के लिए भारत-ब्रिटेन द्वि-पक्षीय पायलट प्रोजेक्ट योजना शुरू की गई है, जिसके तहत भारतीय भागीदार ब्रिटेन के विश्वविद्यालयों की सहायता करेंगे। यह योजना 200 छात्रों को उनके कोर्स के दौरान भारत विजिट करने का अवसर प्रदान करेगी।
भारत में पढ़ाई के लिए ब्रिटेन-भारत शिक्षा एवं शोध उपक्रम के तहत यूके इंटरनेशनल यूनिवर्सिटी और ब्रिटिश काउंसिल इंडिया 200 अंडर ग्रेजुएट छात्रों के लिए ये अवसर लेकर आया है। मंगलवार को लॉन्च की गई इस योजना के तहत चुने गए छात्रों को मार्च 2021 तक पढ़ाई के लिए भारत विजिट करने का अवसर मिलेगा।
पाठ्यक्रमों के दौरान भारत आने के लिए पारंपरिक तौर पर ऐसे छात्रों को प्राथमिकता दी जाएगी, जो कम प्रतिनिधित्व वाले समुदायों से आते हैं और जिनकी भागीदारी उच्च शिक्षा में कम है। ब्रिटेन के विश्वविद्यालय मंत्री क्रिस स्किदमोर ने कहा कि यह ब्रिटेन के वंचित तबकों के छात्रों के लिए शानदार मौका होगा, जोकि न केवल उनके लिए रोमांचक अवसर होगा, बल्कि एक शानदार करियर बनाने का भी मौका देगा।
उन्होंने कहा कि ब्रिटेन के छात्रों को भारत में समृद्ध सांस्कृतिक और शैक्षणिक अनुभवों के बीच व्यक्तित्व विकास(पर्सनैलिटी डेवलपमेंट) का मौका मिलेगा। ऐसा माहौल हमारे अपने 'वैश्विक नागरिकों' को विकसित करने में भी मदद करेगा और अंतर्राष्ट्रीय बाजार में तेजी से सफलता हासिल करने के लिए तैयार करेगा।