मिजोरम में बारहवीं कक्षा की बची हुई परीक्षाएं फिर स्थगित हो गई हैं। पहले सरकार ने इन परीक्षाओं को 22 से लेकर 24 अप्रैल के बीच कराने का फैसला लिया था। लेकिन इसके बाद सोशल मीडिया पर विद्यार्थियों ने 'परीक्षा नहीं देंगे' मुहिम चला डाली और सरकार को अब बारहवीं कक्षा की परीक्षाओं को स्थगित करना पड़ा है। बता दें कि लॉकडाउन की वजह से सभी राज्यों ने अपने यहां होने वाली परीक्षाओं को स्थगित किया है। स्कूल और कॉलेज बंद हैं और इसके साथ ही कई प्रतियोगिता परीक्षाओं को स्थगित कर उनकी तारीख आगे बढ़ा दी गई है।
16 अप्रैल को मिजोरम के शिक्षा मंत्री लालंचदामा राल्ते ने सूबे में बारहवीं कक्षा की बची हुई परीक्षाओं को 22 अप्रैल से शुरू कराने की घोषणा की थी। उनके इस घोषणा के बाद ही विद्यार्थियों ने सोशल मीडिया पर इस फैसले की आलोचना शुरू कर दी। शिक्षा मंत्री के इस फैसले के खिलाफ विद्यार्थियों के एक समूह ने सोशल मीडिया पर 'नो एग्जाम' अभियान चला डाला। विद्यार्थियों ने साफ कहा कि वो लॉकडाउन के दौरान परीक्षा नहीं देंगे इसलिए सरकार अपना फैसला वापस ले।
विद्यार्थियों ने बाकायदा इंस्टाग्राम पर हैशटैग के साथ शिक्षा मंत्री के इस फैसले का विरोध किया था। इंस्टाग्राम पर इसके लिए 'नो एग्जाम' और 'नो रिस्क' हैशटैग के साथ मुहिम शुरू की गई थी जिसके बाद सरकार को बारहवीं कक्षा की बची हुई परीक्षाओं को स्थगित करना पड़ा।