पारंपरिक ज्ञान के साथ-साथ नई तकनीक की समझ भी जरूरी
गौरतलब है कि देश में मौजूदा समय में 24 करोड़ स्कूल एजुकेशन, 4 करोड़ से अधिक कॉलेजों और 10 करोड़ के करीब छात्र प्रोफेशनल लर्निंग में अध्ययनरत हैं। लाखों की संख्या में युवा हर वर्ष कॉलेजों से पास आउट होकर नौकरी के लिए निकलते हैं। जिन्हें बेहतर नौकरी के लिए पारंपरिक ज्ञान के साथ-साथ नई तकनीकों जैसे एआई और डिजिटल टूल्स की बेहतर समझ की आवश्यकता होती है।
साथ ही भविष्य के स्कूल कैसे होंगे, नौकरियां कैसी होंगी। कॉलेज में पढ़ाई का स्तर क्या होगा। नौनिहालों के बस्ते कब तक कंधों पर होंगे, नई शिक्षा नीति कबसे देश में बदलाव का जरिया बनने लगेगी।
ऐसे ही तमाम महत्वपूर्ण मुद्दों को केंद्र में रखकर अमर उजाला आगामी 6 दिसंबर को इंडिया हैबिटेट सेंटर, नई दिल्ली में ‘एजुकेशन फॉर भारत कॉन्क्लेव, एक्सपो और अवॉर्ड 2025’ का आयोजन करने जा रहा है। यह मंच देश में शिक्षा की दिशा और दशा पर गहन विमर्श का अवसर प्रदान करेगा।
केजी से लेकर उच्च शिक्षा, एआई और कौशल पर होगा विमर्श
कार्यक्रम के दौरान केजी से लेकर उच्च शिक्षा, एआई व कौशल पर 6 पैनल चर्चाएं होंगी और दो श्रेणियों (एजुकेशन फॉर भारत अवॉर्ड और एड-टेक अवॉर्ड) में पुरस्कार प्रदान किए जाएंगे।
इसके अलावा एक्सपो में देश की प्रतिष्ठित कंपनियां अपने एडटेक सॉल्यूशंस, तकनीक और उत्पादों का प्रदर्शन करेंगी। इस महत्वपूर्ण आयोजन में शिक्षा मंत्रालय के केंद्रीय व राज्य मंत्री, शीर्ष एडटेक संस्थानों के फाउंडर, नीति-निर्माता, राष्ट्रीय स्तर के विचारक, प्रतिष्ठित विश्वविद्यालयों के कुलपति, स्कूल एवं कॉलेजों के प्रिंसिपल-वाइस प्रिंसिपल, उद्योग जगत के विशेषज्ञ और शिक्षा के बड़े हितधारक शामिल होंगे।
अगर आप शिक्षा जगत से जुड़े हैं, तो आज ही www.educationforbharat.com पर जाकर नि:शुल्क रजिस्ट्रेशन कर इस आयोजन का हिस्सा बन सकते हैं। पाठक इस आयोजन की अधिक जानकारी के लिए मो. नंबर 8734879402 पर कॉल कर सकते हैं।