आवेदन प्रक्रिया
सरकारी और सहायता प्राप्त स्कूलों को 15 नवंबर तक इस कार्यक्रम के लिए आवेदन करने का आमंत्रण दिया गया है। आवेदन प्राथमिक विद्यालयों और हाई स्कूल/हायर सेकेंडरी स्कूलों के लिए अलग-अलग श्रेणियों में किए जा सकते हैं।
केआईटीई के सीईओ के. अनवर सादथ ने बताया कि प्रारंभिक राउंड के लिए स्कूलों का चयन कई महत्वपूर्ण मानकों के आधार पर किया जाएगा, जैसे शैक्षणिक और सह-पाठ्यक्रम गतिविधियां, आधारभूत सुविधाएं, सामाजिक भागीदारी, डिजिटल शिक्षा का समावेश, प्राप्त सम्मान और नवाचार से जुड़ी विशेष पहलें।
कार्यक्रम का उद्देश्य
सादथ ने बताया, "इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य उन स्कूलों के रचनात्मक और अनुकरणीय कार्यों को पहचानना और उन्हें जनता के सामने लाना है, ताकि अन्य संस्थान भी उनसे प्रेरणा लेकर अपने स्तर को बेहतर बना सकें।"
उन्होंने कहा कि यह मंच शिक्षा विभाग द्वारा सार्वजनिक शिक्षा क्षेत्र में किए गए व्यापक सुधारों पर चर्चा का अवसर भी प्रदान करेगा।
चौथा संस्करण और पुरस्कार
उन्होंने बताया कि यह चौथा संस्करण 2010, 2017 और 2022 में सफलतापूर्वक आयोजित पिछले तीन संस्करणों के बाद आ रहा है। तीसरे संस्करण में सरकारी हाई स्कूल ओडप्पल्लम (वायनाड) और जीयूपीएस पुरथूर (मलप्पुरम) ने संयुक्त रूप से 20 लाख रुपये का प्रथम पुरस्कार जीता था, जो मुख्यमंत्री पिनराई विजयन ने प्रदान किया था।
इस बार 100 स्कूलों का चयन प्रारंभिक राउंड के लिए किया जाएगा। केआईटीई इन चयनित स्कूलों की वीडियो डॉक्यूमेंटेशन भी करेगा। चयनित स्कूलों को 20,000 रुपये तक की आर्थिक सहायता दी जाएगी, ताकि वे अपनी प्रस्तुति, यात्रा और ठहराव से जुड़ी लागत पूरी कर सकें।
टेलीकास्ट और फाइनल
यह कार्यक्रम केआईटीई VICTERS शैक्षणिक चैनल पर दिसंबर के अंत से प्रसारित किया जाएगा। फरवरी 2026 में होने वाले ग्रैंड फिनाले में फाइनल राउंड में चयनित 10 स्कूलों को विशेष पुरस्कार दिए जाएंगे।