Education Budget: वित्त वर्ष 2026-27 के लिए केरल सरकार ने सरकारी स्कूलों की पढ़ाई और शिक्षा की गुणवत्ता बेहतर बनाने के लिए शिक्षा विभाग को करीब 1,500 करोड़ रुपये दिए हैं। इस बजट में छात्राओं के लिए मासिक धर्म स्वच्छता (Menstrual Hygiene) को बढ़ावा देने और छात्रों में वैज्ञानिक सोच व जागरूकता बढ़ाने पर भी जोर दिया गया है। सरकार का लक्ष्य शिक्षा और ज्ञान के क्षेत्र में केरल को एक वैश्विक ज्ञान केंद्र (Global Knowledge Hub) के रूप में विकसित करना है।
लड़कियों के लिए बेहतर और सुरक्षित स्कूल माहौल
मुख्यमंत्री वी.डी. सतीसन ने कहा कि 'लड़कियों को सशक्त बनाने के लिए मासिक धर्म स्वच्छता पहल' के तहत सभी छात्राओं को सैनिटरी नैपकिन उपलब्ध कराए जाएंगे। साथ ही, इनके सुरक्षित और पर्यावरण-अनुकूल निपटान के लिए भी जरूरी सुविधाएं बनाई जाएंगी।
उन्होंने बताया कि इस योजना का उद्देश्य स्कूलों के शौचालयों को साफ और स्वच्छ रखना, छात्राओं के लिए बेहतर माहौल तैयार करना, मासिक धर्म स्वच्छता के प्रति जागरूकता बढ़ाना और समय-समय पर कार्यशालाएं आयोजित करना है। इसके अलावा, योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए राज्य और जिला स्तर पर निगरानी भी की जाएगी।