पूरे देश में स्कूली शिक्षा बंद हैं, जिसके कारण शैक्षणिक संस्थान पढ़ाई जारी रखने और शिक्षण के लिए ऑनलाइन तरीकों का सहारा ले रहे हैं। ऐसे में कर्नाटक सरकार ने केंद्रीय सूचना और प्रसारण मंत्रालय से छात्रों के लिए टेलीविजन कक्षाओं की मदद मांगी है।
प्राथमिक और माध्यमिक शिक्षा मंत्री सुरेश कुमार ने यूनियन आई एंड बी मिनिस्टर प्रकाश जावड़ेकर को को पत्र लिखा है। पत्र में मंत्री ने कहा है कि हम आपसे दूरदर्शन नेटवर्क पर कम से कम तीन चैनल सार्वजनिक निर्देश विभाग (Department of Public Instruction), कर्नाटक सरकार के लिए उपलब्ध कराने का अनुरोध करते हैं। इसके अलावा उन्होंने डीडी के साथ-साथ राज्य के शिक्षा विभाग के तहत कुछ चैनलों के सह-ब्रांडिंग का सुझाव दिया। उन्होंने अनुरोध किया कि इन चैनलों को केबल और डीटीएच ऑपरेटरों द्वारा केबल अधिनियम के तहत प्रसारित किया जाना चाहिए।
कर्नाटक के शिक्षा विभाग ने प्रसार भारती के अधिकारियों के साथ चर्चा की है, जिन्होंने राज्य के शिक्षा चैनल, चंदना पर 3 + 3 घंटे का समय देने का आश्वासन दिया है। लेकिन यह आवंटन लागत के आधार पर है। राज्य नौ भाषाओं में सरकारी स्कूल संचालित करता है, जिसमें कन्नड़, अंग्रेजी और उर्दू भी शामिल हैं। उन्होंने कहा, "सभी छात्रों के लिए स्कूली शिक्षा देने और सामाजिक दूरी को बनाए रखने के लिए हमें टीवी के माध्यम से सिखाने के लिए न्यूनतम तीन अनन्य चैनलों की तत्काल आवश्यकता है।