कणाद ने सबसे पहले दी थी परमाणु की अवधारणा
'पदार्थ के कणिकीय स्वरूप' अध्याय में बताया गया है कि प्राचीन भारतीय दार्शनिक आचार्य कणाद जो सबसे पहले 'परमाणु' की अवधारणा दी थी। वहीं 'स्वास्थ्य: सबसे बड़ी दौलत' अध्याय में भारत की पारंपरिक 'वेरियोलेशन' विधि का उल्लेख है, जो स्मॉलपॉक्स से सुरक्षा का एक तरीका था और यह एडवर्ड जेनर की वैक्सीन अवधारणा से भी पहले प्रचलित था।
किताब के 'हमारी वैज्ञानिक विरासत' खंड में यह भी बताया गया है कि भारत की वैक्सीन कंपनियों ने कोविड-19 महामारी के दौरान वैश्विक स्वास्थ्य प्रयासों में बड़ी भूमिका निभाई।