Dharmendra Pradhan Visit IIT Delhi: देश के केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने रविवार को आईआईटी दिल्ली का दौरा किया, जहां उन्होंने छात्रों के साथ नाश्ता किया और उनसे संवाद किया और उनके विचारों को सराहा। इस बातचीत के दौरान उन्होंने भारत के भविष्य को लेकर गहरा विश्वास जताया। इस दौरान उन्होंने युवाओं के महत्व पर भी जोर दिया।
शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि इन छात्रों से मिलकर मुझे पूरा भरोसा हो गया है कि 2047 तक भारत एक विकसित राष्ट्र बन जाएगा। आने वाले 20-25 वर्षों में मैं युवाओं के कंधों पर भारत का सुनहरा भविष्य बनता देख सकता हूं।
‘स्वदेशी और आत्मनिर्भर’ भविष्य की नींव
उन्होंने अपने सोशल मीडिया पोस्ट में उन्होंने IIT को भारत के ‘स्वदेशी और आत्मनिर्भर’ भविष्य की नींव बताया। प्रधान ने कहा कि देश के प्रतिभाशाली युवा तकनीक, नवाचार और उद्यमिता के क्षेत्र में भारत को नई ऊंचाइयों पर ले जाएंगे। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मजबूत समर्थन के साथ यह भरोसा जताया कि युवा शक्ति भारत को समृद्ध और आत्मनिर्भर बनाएगी।
उन्होंने आगे कहा कि IIT केवल अकादमिक उत्कृष्टता के केंद्र नहीं हैं, बल्कि भारत की नवाचार इकोसिस्टम के प्रमुख स्तंभ भी हैं। “हमारे IIT आत्मनिर्भर भारत के शिल्पकार होंगे।” प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ मिलकर सरकार युवाओं की प्रतिभा को निखारने और उन्हें वैश्विक स्तर पर नवाचार और उद्यमिता के केंद्र के रूप में स्थापित करने के लिए प्रतिबद्ध है।
स्वावलंबन के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता
आईआईटी दिल्ली के दौरे के दौरान धर्मेंद्र प्रधान ने यह संदेश दिया कि युवाओं द्वारा संचालित विकास और शिक्षा सरकार की शीर्ष प्राथमिकता है। IIT निरंतर छात्रों को रचनात्मक सोच, कौशल और आत्मनिर्भरता की मानसिकता से लैस करता रहेगा। “समृद्ध भारत” की इस योजना में युवाओं को सक्षम बनाने का बड़ा लक्ष्य निहित है, ताकि भारत अपने दम पर खड़ा हो और विश्व में अपनी पहचान बनाए।