कक्षा 9वीं और 11वीं में रजिस्ट्रेशन अनिवार्य
उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद (UPMSP) ने परीक्षा को ईमानदार और नकल-मुक्त बनाने के लिए कई अहम कदम उठाए हैं। बोर्ड ने कक्षा 9वीं और 11वीं में शुरू किए गए रजिस्ट्रेशन को आधार बनाया है, जिसके आधार पर ही छात्र कक्षा 10वीं और 12वीं की परीक्षा दे पाएंगे। इसके अलावा, छात्रों के लिए मॉडल पेपर तैयार किए गए हैं, ताकि उन्हें परीक्षा पैटर्न और जरूरी टॉपिक्स समझने में मदद मिले।
परीक्षा केंद्र और डिजिटल मॉनिटरिंग
परीक्षा केंद्रों के निर्धारण की समस्या को सॉफ्टवेयर के माध्यम से ऑनलाइन हल किया गया है। पहले 12-13 हजार केंद्र होते थे, अब इसे 7-8 हजार केंद्रों में समायोजित किया गया है। साथ ही, परीक्षा केंद्रों पर CCTV निगरानी और कमांड व कंट्रोल रूम की व्यवस्था की गई है, जिससे परीक्षा ईमानदारी से संपन्न हो और नकल की संभावना कम हो।
हेल्पलाइन नंबर की शुरूआत
बोर्ड ने छात्रों और अभिभावकों के लिए 18001805310 और 18001805312 हेल्पलाइन नंबर भी शुरू किए हैं। यहाँ वे परीक्षा या प्रशासनिक किसी भी समस्या के लिए संपर्क कर सकते हैं। यह कदम छात्रों और अभिभावकों को परीक्षा प्रक्रिया के प्रति जागरूक और जिम्मेदार बनाने में मदद करता है।
स्किल डेवलपमेंट और जिम्मेदारी
UPMSP ने व्यावसायिक शिक्षा में बदलाव किए हैं और कक्षा 9 से ही छात्रों को किसी न किसी कौशल (skill) को विकसित करने के अवसर दिए जा रहे हैं, ताकि वे भविष्य में रोजगार के लिए सक्षम बन सकें। इसके साथ ही, बोर्ड ने स्पष्ट किया कि परीक्षा को नकल-मुक्त बनाना सिर्फ बोर्ड का काम नहीं है, बल्कि शिक्षक, अभिभावक और छात्रों की साझा जिम्मेदारी है। छात्रों को इसे समझकर ईमानदारी से परीक्षा देना जरूरी है।