अमर उजाला एजुकेशन फॉर भारत में बोले विशेषज्ञ।
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अब हम और इंतजार नहीं कर सकते
देश के युवाओं की क्षमता पर भरोसा जताते हुए उन्होंने कहा कि हमारे देश में अपार प्रतिभा है, हमें बस उन्हें राह दिखाने और सही संसाधन मुहैया कराने की जरूरत है। हमें ऐसी शिक्षा नीति चाहिए जो युवाओं को तकनीक की दुनिया में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करें। जॉब के मौके बेहतर बनाने के लिए पढ़ाई को स्किल से जोड़ना जरूरी है। ऐसा करने में हमारी शिक्षा लंबे समय से असफल रही है। अब हम इंतजार नहीं कर सकते। हमें हमारी शिक्षा व्यवस्था बिना समय गंवाए बदलनी होगी।
एआई आज का सच है, इससे घबराएं नहीं
आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस पर बात करते हुए पूर्व यूजीसी चेयरमैन ने शिक्षकों को आश्वस्त किया। उन्होंने कहा कि एआई आज का सच है। यह शिक्षा की दुनिया में टीचर्स पर सबसे अधिक असर डालेगा। हमें इस चिंता को दूर करने की जरूरत है। हर दौर में जब कोई नई तकनीक आती है तो उसके मानव संसाधन पर असर डालने की आशंका रहती है। प्रिंटिंग प्रेस और कंप्यूटर तकनीक के ईजाद के समय भी यही हुआ था। धीरे-धीरे यह चिंता दूर हो जाएगी और हम इसे अपना लेंगे।