इसके साथ ही यदि दूसरे वर्ष का छात्र है और शुरु से किसी अन्य कोर्स की पढ़ाई करना चाहता है तो वह एसओएल में पहले वर्ष में दाखिला ले सकेगा। इस तरह से उसके दो डिग्री प्रोग्राम एक साथ चलेंगे।
अकादमिक परिषद के बाद प्रस्ताव कार्यकारी परिषद में रखा जाएगा
इसे ऐसे भी समझा जा सकता है कि कोई नियमित कॉलेज का छात्र जो बीए प्रोग्राम की पढ़ाई कर रहा है तो वह एसओएल से बीए अंग्रेजी ऑनर्स में दाखिला ले सकता है। यह व्यवस्था अन्य प्रोग्राम के लिए भी इसी तरह से होगी। हालांकि, छात्र को कोर्स संबंधी जरूरी शैक्षणिक योग्यताओं को पूरा करना होगा। इस प्रस्ताव को कार्यकारी परिषद से भी मंजूरी मिलने की उम्मीद है। वहां से मंजूरी मिलते ही इस व्यवस्था के लिए गाइडलाइंस तैयार की जाएंगी और उसके बाद दाखिले होंगे। मालूम हो कि एसओएल में दाखिले अगस्त के अंत तक होते हैं। ऐसे में छात्रों को दाखिला लेने में दिक्कत नहीं आएगी।