ईडब्ल्यूएस के कारण डीयू में 5600 सीटें बढ़ी हैं। कॉलेजों को आवेदन का डाटा मिल गया है, लिहाजा कॉलेजों ने कट-ऑफ बनाने के लिए बैठकों में इस पर विचार-विमर्श कर लिया है। अरविंदो कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. विपिन अग्रवाल ने बताया कि ईडब्ल्यूएस श्रेणी के दाखिले के लिए न्यूनतम योग्यता तो सामान्य श्रेणी वाली ही रहेगी, लेकिन सामान्य श्रेणी के मुकाबले में ईडब्ल्यूएस की कटऑफ को कुछ कम करके ही निकाला जाएगा।
कॉलेज ने फिलहाल 0.75 फीसदी कम कर कट-ऑफ निकालने का फैसला किया है। इस कट-ऑफ के लिए कॉलेज थोड़ा संभलकर ही चलेंगे। सामान्य श्रेणी की कट-ऑफ बहुत ज्यादा होगी। इस पर उन्होंने कहा कि कॉलेज व्यावहारिक कट-ऑफ निकालने की तैयारी कर रहे हैं। हाई कट-ऑफ रहने से नॉर्थ कैंपस कॉलेजों की सीटें तो भर जाती हैं, लेकिन आउट ऑफ कैंपस कॉलेजों को विद्यार्थी नहीं मिल पाते हैं। इस कारण से आउट ऑफ कैंपस कॉलेज तो कम से कम व्यावहारिक कट-ऑफ ही रखेंगे।
राजधानी कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. राजेश गिरी ने कहा कि ईडब्ल्यूएस की कट-ऑफ सामान्य के मुकाबले में कम करने का ही निर्णय लिया है। बेस्ट फोर विषयों के आधार पर कट-ऑफ 0.25 फीसदी कम और जिन कोर्स में बेस्ट थ्री विषयों (साइंस कोर्स) के आधार पर दाखिला होता है, वहां 0.33 फीसदी कम रखेंगे।