सात विश्वविद्यालयों को मिल चुकी है जमीन
प्रो जोशी ने बताया कि अभी हम डीडीए से जमीन का कब्जा मिलने का इंतजार कर रहे हैं। विवि सरकार से निवेदन करेगा कि वह कैंपस का निर्माण किस सरकारी संस्था से करवाएगी। हमारा प्रयास होगा कि यह कैंपस अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस हो और पर्यावरण से तालमेल बिठाने वाला हो। इसको बनने में दो से तीन साल का समय लग जाएगा।
एजुकेशन हब के तौर पर विकसित हो रहा नरेला नरेला को एजुकेशन हब के तौर पर विकसित किया जा रहा है। दिल्ली के सात विभिन्न विश्वविद्यालयों को उनके परिसर के विकास के लिए जमीन आवंटित की गई है।
नरेला एजुकेशन हब के लिए जिन विश्वविद्यालयों को जमीन आवंटित की गई है उनमें दिल्ली फार्मास्युटिकल साइंसेज एंड रिसर्च यूनिवर्सिटी, गुरु गोबिंद सिंह इंद्रप्रस्थ विश्वविद्यालय, दिल्ली कौशल एवं उद्यमिता विश्वविद्यालय, इंद्रप्रस्थ सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान, दिल्ली टेक्नोलॉजी यूनिवर्सिटी, दिल्ली टीचर्स यूनिवर्सिटी व इंदिरा गांधी दिल्ली टेक्निकल यूनिवर्सिटी फॉर वूमेन शामिल है। वहां तक मेट्रो की पहुंच भी हो गई है। इस कारण से छात्रों को आवागमन में दिक्कत नहीं आएगी।