सही फोटो क्यों है जरूरी?
एजेंसी ने बताया कि परीक्षा केंद्रों पर पहचान के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित फेस रिकग्निशन तकनीक का उपयोग किया जाएगा। यदि आपकी फोटो धुंधली, पुरानी या गलत तरीके से अपलोड की गई है, तो आपकी पहचान में दिक्कत आ सकती है। ऐसी स्थिति में परीक्षा में बैठने की अनुमति भी रोकी जा सकती है।
इसी कारण एनटीए ने उन छात्रों को ईमेल और SMS के जरिए अलर्ट भेजना शुरू कर दिया है, जिनकी फोटो में किसी तरह की गड़बड़ी पाई गई है।
फोटो अपलोड के लिए जरूरी निर्देश
नई गाइडलाइन के अनुसार फोटो का बैकग्राउंड सफेद होना चाहिए और चेहरा स्पष्ट रूप से दिखाई देना चाहिए। कम से कम 80% चेहरा दिखना जरूरी है और कान भी साफ नजर आने चाहिए।
उम्मीदवार चश्मा पहन सकते हैं, लेकिन उसमें किसी प्रकार की चमक या रिफ्लेक्शन नहीं होना चाहिए। सनग्लासेस या रंगीन चश्मे स्वीकार नहीं किए जाएंगे। फोटो हाल ही में खींची गई हो और बिल्कुल स्पष्ट होनी चाहिए।
अंतिम तारीख का रखें ध्यान
फोटो सुधारने की यह सुविधा केवल 10 अप्रैल 2026 तक उपलब्ध है। इसके बाद किसी भी प्रकार का बदलाव संभव नहीं होगा। एनटीए ने साफ किया है कि यदि तय समय के भीतर सुधार नहीं किया गया, तो एडमिट कार्ड जारी नहीं होगा और आवेदन रद्द भी किया जा सकता है।
विशेषज्ञों का कहना है कि उम्मीदवार केवल फोटो ही नहीं, बल्कि अपने हस्ताक्षर (सिग्नेचर) की भी जांच कर लें। तकनीकी मानकों का पालन करना बेहद जरूरी है, ताकि परीक्षा के दिन किसी तरह की परेशानी न हो।