CBSE: शिक्षा जगत में छात्रों के उज्ज्वल भविष्य और सुरक्षित वातावरण के लिए एक महत्वपूर्ण कदम उठाया जा रहा है। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) और नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB), गृह मंत्रालय, भारत सरकार, मिलकर नशा मुक्ति जागरूकता अभियान शुरू करने जा रहे हैं। इसके लिए दोनों संस्थानों के बीच एक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर 3 सितंबर 2025 को सीबीएसई मुख्यालय, द्वारका, नई दिल्ली में होंगे।
यह पहल स्कूलों में नशा-रहित वातावरण बनाने की दिशा में बड़ा कदम है। समझौते के तहत सीबीएसई और एनसीबी संयुक्त रूप से जागरूकता कार्यक्रम, कार्यशालाएं और परामर्श सत्र आयोजित करेंगे। इनका उद्देश्य शिक्षकों, परामर्शदाताओं और छात्रों को नशे से दूर रहने और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रोत्साहित करना है।
स्कूलों के प्राचार्य और काउंसलर्स हो सकते हैं कार्यक्रम में शामिल, भरना होगा फॉर्म
MoU हस्ताक्षर के बाद एक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा जिसमें सीबीएसई से संबद्ध स्कूलों के प्राचार्य और काउंसलर्स शामिल होंगे। इस कार्यक्रम का मुख्य फोकस होगा-
- मादक पदार्थों के दुष्प्रभावों से बचाव की रणनीतियां
- शिक्षकों और काउंसलर्स की भूमिका को सशक्त करना
- नशा-रहित स्कूल समुदायों का निर्माण करना
कार्यक्रम में शामिल होने के लिए एक फॉर्म भरना जरूरी है। इसमें एंट्री निशुल्क होगी। कार्यक्रम 3 सितंबर 2025 (बुधवार), सुबह 10:00 बजे से दोपहर 1:00 बजे तक आयोजित होगा। इसमें शामिल होने के लिए स्कूलों के प्राचार्य और काउंसलर्स को इस लिंक https://forms.gle/7EmJpQDArHSG5Rhq9 पर जाकर उपलब्ध फॉर्म को भरना होगा।
सीमित सीटों के कारण पंजीकरण पहले आओ-पहले पाओ के आधार पर होगा और चयनित प्रतिभागियों को ईमेल से पुष्टि भेजी जाएगी। यात्रा व आवास का खर्च प्रतिभागियों को स्वयं वहन करना होगा।