केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) ने शैक्षणिक सत्र 2026-27 की दसवीं और बारहवीं की बोर्ड परीक्षाओं में शामिल होने वाले विद्यार्थियों के लिए जरूरी निर्देश जारी किए हैं। बोर्ड ने स्कूलों को छात्रों की सूची यानी एलओसी में दर्ज सभी जानकारियों का पूरी तरह सत्यापन करने को कहा है।
इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि विद्यार्थियों के प्रवेश पत्र, अंकपत्र और उत्तीर्णता प्रमाणपत्र में कोई गलती न रहे। नाम, माता-पिता का नाम, जन्मतिथि और चुने गए विषयों में गड़बड़ी होने से विद्यार्थियों को आगे परेशानी हो सकती है। बोर्ड के निर्देशों के अनुसार, बिना विलंब शुल्क के ऑनलाइन सूची जमा करने की अंतिम तारीख 21 अक्तूबर 2026 है।
एलओसी में किन जानकारियों की जांच जरूरी है?
स्कूलों को विद्यार्थियों के आवेदन में दी गई जानकारी का स्कूल के प्रवेश रजिस्टर में दर्ज विवरण से मिलान करना होगा। सभी जानकारियां सही होने पर ही सूची को अंतिम रूप दिया जाना चाहिए।
इन विवरणों की जांच जरूरी है:
- विद्यार्थी और माता-पिता का नाम: नाम की वर्तनी आधिकारिक रिकॉर्ड के अनुसार होनी चाहिए।
- जन्मतिथि: दसवीं के विद्यार्थियों की जन्मतिथि का आधिकारिक रिकॉर्ड से मिलान करना जरूरी है।
- विषय और विषय कोड: मुख्य और वैकल्पिक विषयों का चयन सही होना चाहिए। विषय का कोड भी ठीक दर्ज होना चाहिए।
- श्रेणी और दिव्यांगता की स्थिति: आरक्षित वर्ग और दिव्यांग विद्यार्थियों की जानकारी सही होनी चाहिए, ताकि उन्हें नियमानुसार मिलने वाली सुविधाओं में परेशानी न हो।
एलओसी में गलती सुधारने के लिए कब मिलेगा मौका?
उपलब्ध जानकारी के अनुसार, एलओसी में दर्ज गलतियों को सुधारने के लिए 2 से 4 नवंबर 2026 तक का समय निर्धारित किया गया है। विद्यार्थियों और अभिभावकों को सलाह दी जाती है कि वे निर्धारित अवधि में ही सभी जानकारियों की जांच कर लें। अंतिम रूप से विवरण जमा होने के बाद संशोधन कराना कठिन हो सकता है। ध्यान रखने वाली तारीखें:
- बिना विलंब शुल्क के सूची जमा करने की अंतिम तारीख: 21 अक्तूबर 2026
- विलंब शुल्क के साथ ऑनलाइन भुगतान: 22 से 30 अक्तूबर 2026
- चालान के माध्यम से भुगतान: 22 से 26 अक्तूबर 2026
- एलओसी में सुधार की अवधि: 2 से 4 नवंबर 2026
गलती सुधारने पर कितना शुल्क देना होगा?
दी गई जानकारी के अनुसार, निर्धारित प्रक्रिया के बाद विवरण में संशोधन कराने के लिए 1,600 रुपये का शुल्क देना पड़ सकता है। यह राशि मुख्य बोर्ड परीक्षा के पांच विषयों की कुल सामान्य फीस के बराबर बताई गई है। इसलिए विद्यार्थियों को सूची में दर्ज सभी जानकारियां ध्यान से जांचनी चाहिए। हालांकि, संशोधन शुल्क और उसकी लागू होने वाली शर्तों की पुष्टि सीबीएसई के आधिकारिक निर्देशों से करना उचित होगा।
क्या छात्रों और अभिभावकों के हस्ताक्षर भी जरूरी हैं?
बोर्ड के निर्देशों के अनुसार, जानकारी सत्यापित करने के बाद स्कूल सूची का प्रिंट निकालेंगे। इस पर विद्यार्थी और उनके माता-पिता या अभिभावक के हस्ताक्षर लिए जाएंगे। हस्ताक्षर के माध्यम से यह पुष्टि की जाएगी कि सूची में दर्ज जानकारियां सही हैं। इसलिए हस्ताक्षर करने से पहले सभी विवरण ध्यान से पढ़ना जरूरी है।
एलओसी में गलती होने पर जिम्मेदारी किसकी होगी?
सीबीएसई ने स्कूलों को सावधानी बरतने के निर्देश दिए हैं। अंतिम रूप से सूची जमा होने के बाद किसी विद्यार्थी के विवरण में गलती मिलने पर संबंधित स्कूल प्रशासन की जिम्मेदारी तय हो सकती है।
एक बार विवरण अंतिम रूप से जमा होने के बाद उसमें संशोधन कराना मुश्किल हो सकता है। नाम, जन्मतिथि या विषयों से जुड़ी गलतियां भविष्य में उच्च शिक्षा और अन्य जरूरी प्रक्रियाओं के दौरान भी परेशानी पैदा कर सकती हैं।
विद्यार्थियों को अब क्या करना चाहिए?
दसवीं और बारहवीं के विद्यार्थियों को अपने स्कूल से संपर्क करके एलओसी में दर्ज सभी जानकारियों की जांच करनी चाहिए। अभिभावकों को भी इस प्रक्रिया में शामिल होना चाहिए। आवेदन जमा करने से पहले नाम, जन्मतिथि, विषय, विषय कोड और अन्य जरूरी विवरणों का मिलान कर लें। विलंब शुल्क और संशोधन से जुड़ी तारीखों की भी पुष्टि कर लें।